Full transcript (18123 words)
कानपुर में एक बहुत फेमस लड्डू वाला है ठग्गू। ठगू के लड्डू। ठग्गू के लड्डू सब जानते हैं। और उसके बोर्ड पे एक लाइन लिखी है। ऐसा कोई सगा नहीं जिसको हमने ठगा नहीं। जभी भी कोई मुझे कहता ऑप्शन बाइंग सीखनी है। मैं उसको बोलता हूं कि ऑप्शन बाइंग भाई ऐसी है कि इसका कोई सगा नहीं है जिसको इसने ठगा नहीं है। ये एक ही आदमी है जिसे ठगा नहीं है। मैंने कहीं पर पढ़ा था कि 95% पीपल लूज मनी इन द मार्के। मनी इन द मार्केट। एंड 5% पीपल मेक मनी इन द मार्केट। इस स्टेटमेंट ने मेरी जिंदगी बदली थी। इसका मतलब गलती सिर्फ मेरी यह थी कि मैं उस 95% वाली कैटेगरी में था। मुझे पढ़ के और सीख के इस 5% में आना है। मान के चलिए कि आप जो कैपिटल लेकर आ रहे हैं वो तो रिस्क पर रहेगा। बट अगर आप पारंगत हो गए और अगर आपने वो हर्डल्स पार कर लिए तो डेफिनेटली यह ऑप्शन बाइंग आपको वो अपॉर्चुनिटी दे सकता है कि इन फ्यूचर यू कैन प्लान कि मैं लॉन्ग टर्म में मे बी स्विंग ट्रेडिंग करना चाहता हूं या ऑप्शन सेलिंग करना चाहता हूं। स्प्रेड्स बना के ट्रेड करना चाहता हूं। आज हम तीन लोग यहां पर साथ में बैठे हैं। एक मैं जो कंजर्वेटिव ट्रेडिंग प्रोफाइल को एड्रेस करूंगा। मेरे साथ है प्रियांक शर्मा सर जो मॉडरेट ट्रेडिंग प्रोफाइल को एड्रेस करेंगे और [संगीत] साथ में है डॉ. देवेंद्र जो एग्रेसिव ट्रेडिंग स्टाइल को एड्रेस करेंगे। पिछले दिन जब गैप डाउन हुआ था ना तो मैं लाइव था अपने स्टूडेंट्स के साथ में और मैंने बोला रुक जाना सेल मत कर देना गलती से क्योंकि ऊपर है। आप ईएमए ऊपर है उसको छूना पड़ेगा उसको। तो यहां पर अगर आप देखें तो एप्रोक्सिममेटली पिछले 7 आठ महीने के अंदर आपका कैपिटल एप्रोक्सिममेटली ढाई से तीन गुना के आसपास हो चुका है बैंक निफ्टी के एक लॉट के अंदर। अच्छा आपकी साइकोलॉजी वाला तो आज मजे करने वाला है। भाई आज तो जबरदस्त टूल मिल गया। मैं एक और कमी बता देता हूं अपनी। मैंने जैसे लोग ट्रेडिंग अकाउंट चलाते हैं। मान लो ट्रेडिंग है। अब हम लोग की आदत होती है कि मुझे पोर्टफोलियो बनाना है। मुझे पोर्टफोलियो बनाना है। मुझे पोर्टफोलियो बनाना है। तो मैंने ना 10 बार पोर्टफोलियो बनाया होगा और 10ों बार बेच दिया। दोस्तों धुरंधर वन की अपार सफलता के बाद मैं बात कर रहा हूं धुरंधर वन मूवी की अपार सफलता के बाद धुरंधर 2 को भी आपने बहुत प्यार दिया था। सेम एक्सपेक्टेशन हमारी आपसे आज है। हमारे धुरंधर वन पडकास्ट के बाद उस लेक्चर सीरीज के बाद आई एम वेरी श्योर आपको आज वाला एपिसोड बहुत ज्यादा पसंद आने वाला है। तो आज हम यहां पर एक ऐसी प्रॉब्लम सॉल्व करने वाले हैं जो शायद मेरी आपकी हम सभी की कभी ना कभी ये प्रॉब्लम रही है। हम बात कर रहे हैं इंट्राडे ऑप्शन बाइंग की प्रॉब्लम। आई एम वेरी श्योर आपको आज इस पॉडकास्ट से बहुत बड़ा बेनिफिट मिलने वाला है। अगर आपको यह पता ही नहीं है अभी तक कि आपकी ट्रेडिंग प्रोफाइल कौन सी है या कौन सी ट्रेडिंग स्ट्रेटजी आपके लिए फिट बैठेगी, परफेक्ट बैठेगी इस वीडियो के एंड तक आपको समझ में आ जाएगा कि कौन सा ट्रेडिंग स्टाइल आपके लिए बेस्ट रहेगा। आज मेरे साथ हैं प्रियांक शर्मा। प्रियांक शर्मा जो कि मॉडरेट टाइप के ट्रेडर आई वुड से इंट्राडे ऑप्शन बाइंग दोनों चीजों को एक साथ मिलाकर करते हैं। सो सबसे पहले थैंक यू सो मच प्रियांक सर हमें ज्वाइन करने के लिए। मैं आता हूं आपके पास लेकिन उससे पहले डॉ. देवेंद्र थैंक यू सो मच फॉर जॉइनिंग अस टुडे फॉर ट्रेवलिंग दिस फार फॉर अस। और डॉ. देवेंद्र आपसे हम एक्सपेक्ट करेंगे कि आप क्योंकि बातें करने में भी समझ में आता है और आपके ट्रेडिंग स्टाइल में भी समझ में आता है कि आप बहुत अग्रेसिव इंट्राडे ट्रेडर हैं। इंट्राडे ऑप्शन बायर हैं। तो शायद मैं शुरुआत आपसे करना चाहूंगा व्हाई ऑप्शन बाइंग? व्हाई नॉट ऑप्शन सेलिंग? क्योंकि आपने कभी भी शायद मेरी नॉलेज में कभी स्टार्टिंग में ट्राई करने के लिए किया हो तो किया हो लेकिन आपने कभी भी ऑप्शन सेलिंग ट्राई नहीं करी या फिर आप कभी उस पे स्टिक नहीं रहे। व्हाई अकॉर्डिंग टू यू एवरीवन एंड एनीवन फॉर दैट मैटर शुड बी ट्राइंग ऑप्शन बाइंग एंड नॉट ऑप्शन सेलिंग। थैंक यू फॉर गिविंग एन अपॉर्चुनिटी सर कि मुझे यहां पर मौका दिया कि मैं इस इंपॉर्टेंट सब्जेक्ट पर बात कर पाऊं आपके साथ में। तो यहां पर ऑप्शन बाइंग और ऑप्शन सेलिंग को ट्राई आउट जरूर किया था मैंने। लेकिन ट्राई आउट करते वक्त मैंने ये एक्सपीरियंस किया। जो चीज़ मैं ऑप्शन बाइंग में अचीव कर सकता हूं इंट्राडे बेसिस पे वही अचीव करने के लिए एक ऑप्शन सेलर भी ट्राई करता है। राइट? उसके पास एक एडवांटेज होता है कि वो थीटा के लिए वेट करता रहता है। लेकिन अगर मेरे पास कोई ऐसी स्ट्रेटजी है जिसमें कि मेरा स्टॉप लॉस फिक्स्ड हो तो मैं वही चीज सेम अचीव कर सकता हूं अगर मुझे गामा मिल जाए। अगर मुझे वहां पर फिक्स्ड पता हो कि मेरा स्टॉप लॉस यहां पे है और मेरा टारगेट ये जाने वाला है। तो ऐसी ही कुछ स्ट्रेटजीस पे मैं काम करता हूं। उसी के बेसिस पर मुझे ऑप्शन बाइंग में वो सक्सेस मिली। तो इसी वजह से मैं ऑप्शन बाइंग पे ही स्टेक करता हूं। मेरे जो स्टूडेंट्स हैं इनफैक्ट मैं तो यह बोलता हूं कि आप ओटीएम पे काम करके बढ़िया पैसा बना सकते हो। जब आप गामा की बात करते हैं तो गामा को लेकर बहुत ज्यादा क्लेरिटी है नहीं जो मुझे समझ में आया है। आप गामा को कैच करने के लिए कोई स्ट्रेटजी फॉलो करते हैं या कोई टाइम होता है जहां पर गामा शूट अप कर जाता है। गामा स्पाइक करता है। गामा को कैसे ट्रैक करते हैं? बिल्कुल। इसके लिए जैसे कि अपसर्च के प्लेटफार्म पे काफी लोगों ने देखा होगा। आपने भी देखा होगा कि मैंने रेड बार ट्रेडिंग स्ट्रेटजी बनाई। यस। जिसमें करीबन 6000 लोगों ने उसे पढ़ा। राइट और फिर उसके बाद त्रिकाल स्ट्रेटजी बनाएगी। कैसे टाइम फ्रेम के बेसिस पर हम डिसाइड कर सकते हैं कि मॉर्निंग में कब मोमेंटम आएगा, आफ्टरनून में कब मोमेंटम आएगा और अगर आप अलग मार्केट जैसे क्रिप्टो मार्केट्स में भी ऑप्शन ट्रेडिंग होती है तो शाम को कब मोमेंटम आएगा। अब जैसे स्टिकिंग टू इंडियन मार्केट्स तो अपन रेड बार पे आइडेंटिफाई कर सकते हैं कि यही कैंडल है। इसी कैंडल के बाद में मोमेंटम आने वाला है। तो अगर मुझे वहां पर मोमेंटम चाहिए सुबह-सुबह तो मैं रेड बार फॉलो करूंगा। राइट? उसी तरीके से त्रिकाल का मेरा 1245 ट्रेडिंग स्ट्रेटजी है। उसके बेसिस पर गामा ब्लास्ट अगर होना है जैसे एक्सपायरी में जनरली हम बिलीव करते हैं कि मेरे पास ₹10 का ऑप्शन है। अगर फास्ट मोमेंटम आया तो रेट ऑफ डेल्टा की वजह से बहुत अच्छा हमको मोमेंटम मिल जाएगा। तो अगर वहां पर भी मेरा स्टॉप लॉस फिक्स है तो मैं चवन्नी क्यों कमाऊं जो रुपया कमा सकता हूं। करेक्ट। राइट? अगर मेरा स्ट्रेटजी डेलू में है कि भाई मैं श्योर नहीं हूं कि मुझे क्या करना है। मैं ऑप्शन सेलिंग क्यों करूंगा? मान लो मैं हैेज प्लान कर रहा हूं। मान लो मुझे कोई डेल्टा वेरिएंट चाहिए कि भाई मैं 300 का ऑप्शन सेल कर रहा हूं और मुझे थोड़ी सी इसके साथ हैेज भी चलना है और मैं वेट करना चाहता हूं। मेरे पास टाइम नहीं है या मेरे पास पैसा ज्यादा है। मुझे जरूरत नहीं है ऑप्शन बाइंग की। मैं कमा सकता हूं तो मैं ठीक है। लेकिन ज्यादातर ट्रेडर्स आपको भी पता है या रेगुलेटर ने ही मुश्किल कर दिया हमें। कम पैसे के साथ ही कम पैसे के साथ में ही ट्रेड करना। रिकमेंडेड भी यही है कि आप ज्यादा पैसे स्टार्टिंग के अंदर क्यों क्योंकि स्टार्टिंग में पैसा बहुत ज्यादा लूज़ भी होता है लोगों का। तो स्टार्टिंग में ज्यादा पैसा लूज़ करना भी क्यों है? अगर मैं एक वेरिएंट इस पे बात कर पाऊं तो मैं ये बात बता रहा हूं कि जैसे डेल्टा पे केम होता है सारा का सारा। आप बोलोगे कि मैं ऑप्शन सेलिंग करने जा रहा हूं तो ऑप्शन सेलर क्या करेगा? भाई 75 का डेल्टा सेल करेगा या 5 के ऊपर के डेल्टा सेल करेगा ताकि उसे कुछ मिल जाए। हम लेकिन ऑप्शन बायर में लोगों को सजेस्ट किया जाता है कि आप हाई डेल्टा बाय करो तो उसको रिस्क कौन बताएगा कि उतना रिस्क भी तो है उतना नीचे भी होने वाला है अगर उसके पास वो रिस्क एपेटाइट होता कि वो ₹30 ₹40 का लॉस बियर कर पाता तो ऑफ कोर्स वो सेलर ही होता ना हम राइट वो क्यों बाय करता तो मैं वो सोचता हूं कि अगर वो ₹40-50 के ऑप्शन से कुछ कर सकता [गला साफ़ करने की आवाज़] है तो अगर वो डेल्टा पे3 पे बैठ सकता है तो जो लॉस का जो वर्जन है ना यह दिमाग कि मैं यार 2000 से ज्यादा देख नहीं पाता लॉस तो उसको उतना होगा ही नहीं तो लॉस कैसे वो बिलीव करेगा कि यह चीज होनी है तो आप कहना चाहते हैं कि एक ऑप्शन बयर अपना स्टॉप लॉस लेकर काम करे तो चीजें सॉर्टेड है उसमें बिल्कुल सॉर्टेड उसके ज्यादा पैसे नहीं चाहिए ऑप्शन एवरीथिंग इन दिस मार्केट इज़ मैथमेटिकली मॉडल्ड मान लीजिए मेरे को अगर ₹30 के प्रीमियम पे मंडे को काम करना है हम और एक्सपायरी मान लीजिए कि ससेक्स की एक्सपायरी एग्जांपल लेते हैं कि भ थर्सडे को मरना है उस ऑप्शन को एक्सपायरी क्या मरना ही है करेक्ट करेक्ट अब ₹30 को मरने में कितने दिन है? चार दिन तो है ना अभी राइट? या तीन दिन है तो अभी तो तीन दिनों में वो ₹1 ₹1 ही मरेगा ना हम पूरे दिन में। अब ₹10 ₹1 मरने पे अगर वो गिरना ही 10 पॉइंट है और मेरे पास खुला आसमान हो कि मेरी स्ट्रेटजी पे हमें पता है कि रेंज इज़ 500 पॉइंट्स, 300 पॉइंट्स, 200 पॉइंट्स अगर मैं उस स्पेसिफिक पॉइंट पर एंट्री करूं तो स्टॉप लॉस तो छोटा ही हुआ ना। तो आप यहां पर बात कर रहे हैं कि आप बड़ा टारगेट लेने में आप आपकी स्ट्रेटजी जो ऐसी है वो बड़े टारगेट्स ले सकती है। छोटे स्टॉप लॉस के साथ भी ले सकती है। बिल्कुल। सो इस पूरे डिस्कशन में अगला जितना भी टाइम हम यहां पर साथ में हैं। मेरी आपसे एक रिक्वेस्ट रहेगी अगर पॉसिबल है तो ये हाई गामा या गामा बढ़ने वाला है। गामा स्पाइक होने वाला है। क्या ऐसी कोई स्ट्रेटजी आप हमारे से डिस्कस कर पाएंगे? बिल्कुल डिस्कस करेंगे और सबको सुनना चाहिए कि किस तरीके से मैं यह नहीं बोल रहा कि ऑप्शन सेलर गलत है। लेकिन हमारे पास 60 से 70% जनता है जो इनकैपेबल है मॉनिटरी वाइज कि वो चीज नहीं कर पा रही है। पैसे की कमी की वजह से ही नहीं कर रही। नहीं ऑप्शन की रिक्वायरमेंट ही सेलिंग की रिक्वायरमेंट बहुत ज्यादा है। सेलिंग की रिक्वायरमेंट ज्यादा है। तो अगर आपका बजट लो है तो आप मेरी बातें सुनिए ताकि एटलीस्ट कुछ कमा पाओ कि कल को सेल कर पाए। राइट? सेलिंग तो हमेशा से अच्छी बात है लेकिन आप बाइंग करोगे तो आपका अगर स्टॉप लॉस डिफाइंड होगा तो आप अच्छे पैसे बना सकते हो वो मैं चार्ट पे भी दिखाऊंगा प्रूफ के साथ दिखाऊंगा तो स्टिक टू इट सेलिंग अच्छी बात है तो यह मैं प्रियांक सर से पूछूंगा सर सेलिंग अगर अच्छी बात थी आप सेलिंग से बाय में क्यों मूव करें क्योंकि मैंने जहां तक आपकी वीडियो देखी हैं आपने सेलिंग ट्राई करी हुई है लेकिन अभी आप डेबिट स्प्रेड क्रिएट करते हैं या ऑप्शन बाइंग करते हैं और इंट्राडे में तो आई एम वेरी श्योर हमारी जो डिस्कशन भी हुई थी इंट्राडे में तो ऑप्शन सेलिंग बिल्कुल भी नहीं करते हैं। तो व्हाई इंट्राडे एंड व्हाई ऑप्शन बाइंग फॉर यू? ठीक है सर। तो देखिए ऑप्शन बाइंग के बारे में मैं एक बात बोलता हूं। कानपुर में एक बहुत फेमस लड्डू वाला है ठग्गू। ठगू के लड्डू। ठगू के लड्डू सब जानते हैं। और उसके बोर्ड पे एक लाइन लिखी है। ऐसा कोई सगा नहीं जिसको हमने ठगा नहीं। राइट? और जभी भी कोई मुझे कहता है ऑप्शन बाइंग सीखनी है। मैं उसको बोलता हूं कि ऑप्शन बाइंग भाई ऐसी है कि इसका कोई सगा नहीं है जिसको इसने ठगा नहीं है। एक ही आदमी है जिसे ठगा नहीं है। वो है ठग्गू। ठीक है? मतलब जिसको वो लड्डू बनाना आता है। ठीक है? उसी को उसने नहीं ठगा। सही है। तो वैसा ही कुछ मैं बोलता हूं। देखो ऑप्शन बाइंग डेफिनेटली सब मतलब हर कोई ट्राई करता है। अगर आप स्टॉक मार्केट करने आए हैं ऑप्शन बाइंग तो 99% चांस है। आपने ऑप्शन बाइंग ट्राई किया होगा। अनलेस यू आर जस्ट फॉर कैश। राइट? सो ऐसी चीज है। हमने भी किया और वही ठगा ठगे भी गए और रियलाइज हुआ कि ठीक है इससे थोड़ा सा जल्दी पैसा बनाया जा सकता है। ऐसी फीलिंग्स आती है। बड़े-बड़े आरओई के स्क्रीनशॉट दिखते हैं। ये सारी चीजें दिखी शुरुआत में फिर ऑप्शन सेलिंग ट्राई किया और कहीं ना कहीं हाथ ऑप्शन सेलिंग पर जम गया। और मैं हमेशा सबको बोलता भी हूं कि आप क्रेडिट स्प्रेड ट्राई कीजिए। स्पेशली अगर आप नए हैं या फिर आप थोड़ा लॉन्ग टर्म का प्लान कर रहे हैं। क्योंकि ऑप्शन बाइंग को मैं क्या मानता हूं? इट नीड्स स्किल हाई लेवल ऑफ स्किल। हाई लेवल ऑफ स्किल। क्योंकि देखिए क्या है कि ट्रेडिंग करना आपको आना पहले खुद में ही एक आर्ट है। वो खुद ही आपको इतना मेहनत कराती है। उसके बाद अगर आप ऑप्शन बाइंग करना चाह रहे हैं तो आपको उसके अंदर एक एक्स्ट्रा एज लाना पड़ता है। सो अब समस्या यहां पे क्या आ जाती है कि शुरुआत सब फिर उसी से क्यों करते हैं? हम क्योंकि एक तो वह ल्यूक्रेटिव है और दूसरा वह सबके बजट में आ जाती है। हम आप सोचिए अगर हम आज से एक साल पहले बात करें तो इतने सारे लोग पूछते थे सर ऑप्शन बाइंग में मुझे हीरो बनना है। मैंने कहा बहुत बढ़िया बात है। कितना कैपिटल है आपका सर? ₹12,000 ₹12,000 से आके ऑप्शन बाइंग कर सकते थे। हालांकि अभी रेस्ट्रिकशंस इतने मुश्किल आए कि आप छोटे कैपिटल से ट्रेड करना बहुत मुश्किल हो गया। बट यही समस्या सेलिंग के साथ भी है। आई। हम जब से जो हमारे सेबी के नए लो आए तो यह समस्या सिर्फ ऑप्शन बायर के साथ नहीं आई है। अब ऑप्शन बायर पहले 12 ₹13,000 में ट्रेड कर सकता था। आज के वक्त में उसको मिनिमम 25 से 30 35000 ₹0000 चाहिए। राइट तो सेम समस्या सेलर के साथ भी है कि लॉट साइज तो बड़ा सेलर के लिए भी हुआ है। बिल्कुल सही है। राइट जो पोजीशन को वो ₹1900 ₹1200 में ले सकता था अब वही पोजीशन उसको दो गुना तीन गुना प्राइस पर मान लेकिन यहां पर मैं सॉरी सॉरी आपको यहां पर बीच में रोकूंगा। ऑप्शन सेलर के लिए आपको नहीं लगता कि प्रॉब्लम कम आई है क्योंकि जो एसटीटी का भी और बाकी टैक्सेस बढ़ने का भी ऑप्शन जो इंपैक्ट है ऑप्शन बायर को वो पैसे इंट्राडे में ही कवर करने हैं। जबकि ऑप्शन सेलर को वो एक बार क्योंकि ऑप्शन बायर दिन में चार बार ऑप्शन बाइंग कर रहा है। ऑप्शन सेलर एक बार सेल करके बैठ जाएगा और थीटा डीके का पूरा बेनिफिट लेगा। बिल्कुल। तो ये प्रॉब्लम ऑप्शन सेलर के लिए तो रिलेटिवली कम आई ना। बिल्कुल। अब मैं वहीं आ रहा था बेसिकली। तो समस्या तो दोनों के लिए आई। ऑप्शन सेलर के लिए भी आई और ऑप्शन बयर के लिए भी आई। अब जैसा आपने बोला कि ऑप्शन बयर के लिए ज्यादा आई। लेकिन समस्या यह हो गई कि आपको एक लॉट अगर लेने के लिए ट्रेड लेने के लिए ढाई से 3 लाख करना पड़ रहा है। आप खुद सोचिए इंडिया में कितने ऐसे लोग हैं जो ट्रेडिंग को एज एक्सपेरिमेंट या ये सोच के आ रहे हैं। उन्होंने YouTube पे देखा डॉक्टर देवेंद्र को देखा या मुझे देखा या आपको देखा और उसे लगा कि यार पता नहीं कामयाब होंगे कि नहीं होंगे। देखो भाई हिमांशु सर कह रहे हैं प्रियांक भाई कह रहे हैं कि पहले सोच समझ के आना, कम पैसे लेके आना, ट्राई करने के लिए आना। ट्राई करने के लिए ₹ लाख लेके कौन आ जाएगा? कोई आप ये तो सोचिए कि ₹ लाख लेके ट्राई कैसे करें? हम मतलब आप इतना बड़ा कैपिटल रिस्क लेके आ रहे हैं जो कि इंडिया के अंदर आप समझ के चलिए कि 90% लोगों की सेविंग्स का हिस्सा नहीं है। 90% और बहुत बड़ी पॉपुलेशन की पूरे साल की आमदनी ₹ लाख में नहीं होती। अरे कोई स्टॉक मार्केट में कैसे ट्राई कर वो ट्राई कैसे करें? अब आप सोचिए कि मैं ट्राई करना चाहता हूं कि स्टॉक मार्केट मेरे लिए है कि नहीं। मैं जॉब करता हूं। मैं बिज़नेस करता हूं। मैं कॉलेज गोइंग स्टूडेंट हूं। मैं ₹10,000 लेकर आऊंगा। ₹15,000 लेकर आऊंगा। ₹,000 50,000 हद से हद ₹50,000 लेके आऊंगा। ₹3 लाख लेकर मैं नहीं आया यहां तक। ज्यादा लोग तो यह भी एक समस्या खड़ी हो गई। ऊपर से जो जिओपॉलिटिकल सिचुएशन अभी चल रही है। आप देख रहे हैं विक्स अचानक से कहां से कहां पहुंच गया। जो विक्स अभी सिर्फ तीन से छ महीने पहले 9 10 12 की रेंज से बाहर नहीं आ रहा था। कई सालों से बाहर नहीं आ रहा। कई सालों से बाहर नहीं आ रहा था। वो आप सोचिए वो चल रहा है 20 के ऊपर और कभी 25 चला जा रहा है। सो विक्स बढ़ने से क्या हुआ? वो सेलर के लिए और समस्या हो गई। खड़ी हो गई क्योंकि उसको पता है रिस्क तुम्हारा जो पहले अनडिफाइंड होता था वो अब और बड़ा हो चुका है। राइट? तो अब आपके पास ऑप्शन ही ऑप्शन बैंक बच रहा है। सो इफ यू वांट टू ट्राई अगर आप सिर्फ ट्राई करने के लिए आ रहे हैं, सीखने के लिए आ रहे हैं और आप ये समझ कर आए हैं कि छोटे कैपिटल से ट्राई करना है तो ऑप्शन सेलिंग का ऑप्शन बचा ही नहीं। इवन क्रेडिट स्प्रेड जो मैं रिकमेंड करता था उसमें पहले आदमी को चाहिए होते थे ₹2,000 30000 ट्राई कर लेता था। आज के वक्त में आप निफ्टी 50 का भी अगर स्प्रेड बनाने जाएंगे कम से कम 55 से ₹0000 तो आपका मार्जिन है। यस ये तो तब की बात है जब मार्जिन इनक्रीस नहीं हो रहे हैं। अगर मार्जिन इंक्रीज हो जाते हैं। एक्सपायरी पे वो इंक्रीज हो जाते हैं। और आपको मैं ये बोलता हूं कि आप अगर ऑप्शन सेलिंग में स्प्रेड भी बना रहे हैं यू मस्ट हैव कैपिटल ऑफ़ एटलीस्ट 2.5 लॉट देन ओनली यू कैन टेक वन लॉट। अनडाउटेडली वो रिस्क मैनेजमेंट तो बहुत ज्यादा जरूरी है। 500 का पोजीशन तो आ जाएगा लेकिन रुपया तो भाई एक सवाल ला के रखना पड़ेगा। तो यहां पे यह चैलेंज आया कि अब लोगों के पास ना ट्राई करने का भी ऑप्शन नहीं बच रहा है। सो दे विल हैव टू ट्राई विद ऑप्शन बाइक। तो आपको क्या है कि अब आपको मुश्किल काम से ही शुरू करना पड़ेगा। अब यह मुश्किल काम है तो यह आप मान के चलिए कि आप जो कैपिटल लेकर आ रहे हैं वो तो रिस्क पर रहेगा। बट अगर आप पारंगत हो गए और अगर आपने वह हर्डल्स पार कर लिए तो डेफिनेटली यह ऑप्शन बाइंग आपको वो अपॉर्चुनिटी दे सकता है कि इन फ्यूचर यू कैन प्लान कि मैं लॉन्ग टर्म में मे बी स्विंग ट्रेडिंग करना चाहता हूं या ऑप्शन सेलिंग करना चाहता हूं। स्प्रेड्स बना के ट्रेड करना चाहता हूं। सो एक वो आपको देखिए निकलना ही पड़ेगा कि भाई मैं ऑप्शन सेलिंग इसलिए कर रहा था कि आई वांट टू प्ले द लॉन्ग गेम। बट करेंटली द सिचुएशन इज़ कि मैं लॉन्ग गेम छोड़ो गेम ही नहीं खेल पा रहा हूं। सो ऑप्शन मुझे ऐसा लग रहा था प्रॉब्लम सिर्फ मेरे साथ आ रही है। नहीं नहीं लेकिन वो ऑप्शन बाइंग इज द ओनली ऑप्शन दैट इज लेफ्ट। दैट इज द प्रॉब्लम। दूसरी दूसरी प्रॉब्लम जब मुझे आ रही थी और मेरे ख्याल से अगर हम यहां पे रेजोनेट कर पा रहे हैं तो एक और प्रॉब्लम आई एम श्योर आपको भी आ रही होगी कि जितनी भी सारी गेम होती है वो पूरी रात को खत्म हो जाती है। हां। जैसे अब यूएस के प्रेसिडेंट जो हैं वो ट्रुथ सोशल पे कुछ भी लिख देते हैं। आज मूड कुछ और कर रहा है। कल मूड कुछ और कर रहा है। कुछ भी लिख देते हैं। ओवर द वीकेंड सारे के सारे वॉर ऐसा लगता है वीकेंड पे तो आजकल लगता है कि वर्ल्ड वॉर शुरू होने वाला है। मंडे तक सब शांत हो जाता है। इस वजह से स्विंग ट्रेडिंग और ऑप्शन सेलिंग आपको लगता है कि ज्यादा डिफिकल्ट हो गया रिसेंट टाइम? सर मैं पिछले 3 महीने से दैट डे इट स्टार्टेड बिहेविंग लाइक दिस। मैं अपने जो डेली मार्केट वीडियो जो मैं अपलोड करता हूं YouTube में फ्राइडे वाली वीडियो में और थर्सडे वाली वीडियो में पहले ही बोल के जाता हूं कि भाई फ्राइडे आ रहा है। सो ओवरनाइट पोजीशंस जो हैं ऑप्शंस को तो भूल जाओ। फ्यूचर्स को तो भूल जाओ। कैश भी सोच समझ के लेना और मुझे ऐसा लगता है कि अगले दो साल तक रहने वाला है। जब तक वो यूएस के प्रेसिडेंट हैं। देखिए वो तो इट इज़ नॉट जस्ट अबाउट द वॉर। इट इज़ आल्सो अबाउट द नेचर ऑफ़ दैट। और ये हमेशा से रहा है। 2016 में जब ये प्रेसिडेंट थे तभी भी यही सिचुएशन थी। सो इट्स नथिंग लाइक दैट। सो मैं तो बल्कि यह बोलता हूं कि भाई अब तक लोग बोलते थे कि कोई ऑपरेटर होता है। स्मार्ट मनी कैसी दिखती है। मैंने कहा आज देख लो कैसी आपने देख लिया कि ऑपरेटर कैसा होता है। तो उन्हें देख लो ऐसा दिखता है। सो ऐसे सिचुएशन में अब आप ऑप्शन बाइंग कैसे ले सकते हैं? लेट्स सपोज कि आपको ये आईडिया है कि मार्केट का डायरेक्शन या ट्रेंड आपको पता है। जैसे कि हम लोग बात कर रहे थे फरवरी से लगातार कि मार्केट ठीक है। नीचे की तरफ जा रहा है और हम लोग बेरिश बने बैठे थे 2 महीने से। सो आप वीकेंड में अब एक ही तरीके से उसका बेनिफिट उठा सकते हैं। कैश में उठा नहीं सकते। अगर आप बेरिश हैं, फ्यूचर्स लेने की हिम्मत नहीं है। ऑप्शन सेलिंग तो लाइक नॉट एट ऑल ऑप्शन है आपके पास। अब दे सर वाली बात कि अगर मैं अपना एक ऑप्शन बाइंग का पुट या कॉल पकड़ लूं। थोड़ा सा ओटीएम पकड़ लूं जहां पे मेरा रिस्क लिमिटेड है। अब मुझे पता है कि मैंने मान लीजिए अब मैं तो एक्सपायरी बोल रहा हूं कि निफ्टी की तो मंगलवार को ही होती है। आपको ₹60-70 का ऑप्शन मिल रहा है। तो देखिए इससे सस्ता तो नहीं मिलता आज क्योंकि विक्स हाई है। आपको जो लिमिटेड मिलेगा जितना आप गैप एक्सपेक्ट करोगे ₹7-70 का आपको मिलेगा। अब आपको भी पता है कि मार्केट अगर ऑोजिट ओपन हो भी गई तो यह 20 चला जाएगा, 30 चला जाएगा गिर के 40 चला जाएगा, ₹10 का नुकसान हो जाएगा। 20 मैक्स तो ₹60 ही का होगा। बिल्कुल सही है। इससे ज्यादा तो नहीं होगा। तो आपका अगर ₹60 का भी नुकसान होगा तो आपको पता है भाई चलो ढाई तीन 3 4000 में मेरी जान बच जाएगी और अगर मेरा डायरेक्शन में मार्केट गैप अप हो गई तो तीन चार आर तो ऐसे ही हो गए। हम आप समझ के चलिए कि तीन चार आर तो आपके ऐसे ही निकल गए। सो प्रॉब्लम ये हो गया कि सर ऑप्शंस करने का ऑप्शन ही नहीं है। अगर आप ऑप्शन बाइंग नहीं कर रहे हैं एक शुरुआती ट्रेडर के लिए। बिल्कुल सही है। दैट इज व्हाई आई वुड सजेस्ट। हालांकि इसमें भी मैं सिखाता हूं कि डेबिट स्प्रेड ट्राई कर सकते हो आप। लाइक दैट इज फेयर। इवन आजकल जितनी वोलेटिलिटी है इंट्राडे में भी डेबिट स्प्रेड आप ट्राई कर सकते हो। डेबिट स्प्रेड इज़ एन एक्सटेंशन टू द ऑप्शन। एक्सटेंशन टू द ऑप्शन कि आप अपना रिस्क और मीडिएट करना चाहते हो। लेट्स सपोज कि भाई ₹60 का ऑप्शन है। मैं लेना तो चाह रहा हूं लेकिन मेरी कैपेसिटी मैक्सिमम ₹40 के लॉस को बर्दाश्त करने की है। 60 तो मैं नहीं बर्दाश्त कर सकता। तो आपने उसमें डेबिट स्प्रेड बनाके अपना लॉस जो है वह मैक्सिमम 2530 पॉइंट का फिक्स कर लिया। तो अब आप सोचिए कि आपने अपना लॉस फिक्स करा और आपके पास रिवॉर्ड अपॉर्चुनिटीज़ देखिए ऑप्शन बायर के पास हमेशा होती है। ऑप्शन बाइंग लोग पसंद ही इसलिए करते हैं कि यहां से प्राइस जो है तीन गुना, चार गुना, पांच गुना या कितना भी गुना जा सकता है। नीचे एक ही गुना जाएगा। हम तो सेलर के पास तो एक ही गुना पैसा बनाने का ऑप्शन होता है। उसका पैसा डबल ट्रिपल नहीं हो सकता किसी भी ट्रेड में। मतलब आप सोच लीजिए कि आपके डायरेक्शन में मार्केट ने लोअर सर्किट भी मार दिया तो भी ऑप्शन सेलर का पैसा बल्कि पूरा प्रीमियम भी नहीं मिलेगा तब तक अगर एक्सपायरी नहीं एक्सपायरी नहीं होगी तो आपको अपना 100% प्रॉफिट भी नहीं मिल सकता बिल्कुल सही सो आप समझिए कि मैं मानता हूं कि ऑप्शन सेलिंग को मैं हमेशा प्रेफरेंस देता हूं। इवन मैं सजेस्ट भी करता हूं इफ यू ट्रेड लाइक अ वे कि आप प्रोफेशनलली करना चाहते हो लॉन्ग टर्म करना तो हमेशा ट्राई करो स्प्रेड्स ट्राई करो। बट अगर आप शुरुआत करना चाह रहे हैं, आप एक्सपेरिमेंट करना चाह रहे हैं, ट्रेडिंग को ये देख रहे हैं कि करके देखते हैं समझ में आता है कि नहीं आता है तो एक्चुअली में आपके पास ऑप्शन ही नहीं है कि आप जो है ऑप्शन सेलिंग ट्राई करो। हाउएवर आई विल सजेस्ट कि जितने भी हमारे व्यूअर हैं आप लोग पहले स्प्रेड्स जरूर सीखें एंड देन डिसाइड कि क्योंकि देखिए आपने पहले ट्रेडिंग सीखनी है और फिर ऑप्शंस सीखने हैं फिर ऑप्शंस ट्रेडिंग सीखनी है। इट्स अ थ्री स्टेप प्रोसेस। यस यस नॉट डायरेक्टली कि आपको ऑप्शन बाइंग कोई सीखनी है। ये बात बहुत सारे लोग समझेंगे नहीं। हां। क्योंकि आपने जितनी डेप्थ वाली बात बोली है आई एम वै श्योर जो एक्सपीरियंस प्लेयर होगा वो समझ पाएगा आपकी बात को कि पहले आपको ट्रेडिंग सीखनी है फिर ऑप्शन सीखने हैं फिर ऑप्शन की ट्रेडिंग क्योंकि ऑप्शन जो एक है वो हम जो हैं मोस्टली हम बचपन में हमने सीखा है कि हम थ्री डायमेंशनल स्पेस में जीते हैं। हां ऑप्शन तो जीता ही फाइव डायमेंशनल स्पेस के अंदर है। ये पांच पैरामीटर ऐसे हैं जो उसको एक साथ काम कर रहे हैं। ऑप्शन ट्रेडिंग अपने आप में एक अलग ही साइंस है। एक अलग ही प्ले चीज है खेलने वाली। सर मैं तो अपने स्टूडेंट्स को ऐसे समझाता हूं क्योंकि मैं तो टेक्निकल एनालिसिस सिखाता हूं। फिर वो उनको अलग-अलग सेगमेंट में ट्रेड करना होता है। मैं बोलता हूं भैया ये मान लीजिए क्लास का मैथ्स वाला सब्जेक्ट है। कुछ बच्चे तो टॉपर होते हैं जिनको मैथ्स बहुत पसंद आता है। लेकिन मैक्सिमम लोगों को क्लास में मैथ्स पसंद नहीं आता क्योंकि वो समझ में नहीं आता। लेकिन पेपर सबको देना पड़ता है। ऑप्शन नहीं है। मैंडेटरी पास भी होना। मैंडेटरी पास भी होना पड़ता है। तो आपको लाने ही पड़ते हैं। सीखना ही पड़ेगा। ऑप्शन बाइंग ना ट्रेडिंग का मैथमेटिक्स है। तो पहले तो यह समझ लो कि साइंस साइड लेनी है, आर्ट साइड लेनी है, कॉमर्स लेना है। मतलब ट्रेडिंग करनी है कि नहीं करनी? ट्रेडिंग करनी है। फिर सजेस्ट सेलेक्ट करो कि बायोलॉजी लेना है, मैथ्स लेना है, कॉमर्स लेना है। तो इसमें मैथ्स है ये। सो अगर आओगे तो फिर तैयार हो के आना। अपने ढाल तलवार लेके आना कि भैया मैं मेहनत करने के लिए रेडी हूं। अगर आप मेहनत करने के लिए रेडी नहीं है तो ऑप्शन बाइंग आपके लिए नहीं है। इवन ऑप्शंस ट्रेडिंग ही आपके लिए और सेलिंग छोड़ दीजिए। एनीवेज सर आपकी मैथ्स वाली बात तो बिल्कुल सही है। यह मैथ्स के साथ एक आर्ट भी है क्योंकि आपकी साइकोलॉजी बीच में आ जाती है। फैक्ट है। मार्केट आपके फेवर में जा रही है तो भी आप नुकसान कर मतलब तो भी आप गलती कर सकते हैं। मार्केट आपके अगेंस्ट जा रही है तो तो आप डेफिनेटली गलती कर सकते हैं। तो ये मैथ्स का भी एडवांस वर्जन ही है। स्टैटिस्टिक या क्वांट ही बोल देते हैं हम उसको। जो मैथ्स वाले को भी समझ में नहीं आया। तो ये मैथ्स है और मैथ्स में भी जैसा आपने बोल दिया क्वांट है। तो सर आपने जैसे बोला कि ये स्किल है। अब आपने मैथ्स का ही नाम ले लिया है और मैथ्स से बहुत सारे लोगों को डर लगता है। तो स्किल दो टाइप की होती है। एक वो जो एक्वायर्ड स्किल होती है और एक वो जो इंसान लेकर पैदा होता है। ये कैसी स्किल है? आप कोई इंसान लेकर पैदा होगा कि वो ऑप्शन बायर बन सकता है या नहीं बन सकता। और या फिर ये कोई एक्वायर्ड स्किल है कि कोई अगर जिसको नहीं भी आता है वो भी सीख सकता है। जैसे मैथ्स एक एक्वायर्ड स्किल है कि सीखी जा सकती है। जो इंसान मेहनत करेगा उसको आ जाएगा। क्या ऑप्शन भी ऐसी स्किल है? ऑप्शन बाइंग बेसिस के लिए है। सर आपने बहुत ही बढ़िया चीज़ एक्चुअली में पूछी है। तो मैं वहां पे जाऊंगा आपको एक एग्जांपल दे रहा हूं इसके लिए। जैसे विराट कोहली और रोहित शर्मा है। ठीक है। तो अक्सर लोग ये बोलते हैं कि रोहित शर्मा के पास गॉड गिफ्टेड है कि वो पुल शॉट जिस तरह से मारता है वो गॉड गिफ्टेड है। मुझे नहीं पता रियलिटी में क्या है। मैं लोगों की बात कर रहा हूं। बट अगर ऐसा है तो दूसरी तरफ अगर आप विराट कोहली को देखेंगे तो विराट कोहली ने ऑलमोस्ट अपनी हर एक स्किल को डेवलप करा है। कि अगर आप उसका थोड़ा बैक स्टोरी में जाएंगे कि किस तरह से ही यूज्ड टू प्रैक्टिस टायर्स रख के तो उसके बीच से कवर ड्राइव खेलना तो मतलब बेसिकली क्या है अब जैसे मेसी है लोग बोलते हैं गॉड गिफ्टेड है उसका टैलेंट है बट अगेन क्रिस्टियानो रोनाल्डो एट द बिगनिंग ही डिडंट हैव एनी काइंड ऑफ़ गॉड गिफ्टेड स्किल बट उसने वो डेवलप किया है। सो सेम चीज है सर मैथमेटिक्स जैसे कि 10थ क्लास तक तो चलिए सबको पढ़ना पड़ जाता है। ठीक है? बट उसके बाद तो आपको चूज़ करना होता है। तो जो रिवॉर्ड है वो भी वैसे ही है। आप सोचिए हमारे सोसाइटी में अदर लोग मैथ्स लेना क्यों पसंद करते हैं? क्योंकि वहां पे पता है कि रिच टू रिवॉर्ड बहुत बेहतर है कंपेयर टू अदर स्ट्रीम्स। सिमिलरली यहां पर है। अब जैसे देवेंद्र सर ने बताया कि ऑप्शन बाइंग मैंने ट्राई किया और मुझे बहुत बढ़िया रिजल्ट मिल गए। तो यह सब लोग यह भी जानते हैं। यह स्क्रीनशॉट तो हमने ऑप्शन बाइंग के ही देखे हैं। तो रिजल्ट तो बढ़िया है। तो इसलिए स्किल भी बढ़िया है। एंड व्हेन विराट कोहली कैन डू इट, रोनाल्डो कैन डू इट। अब आपको रोनाल्डो और विराट कोहली नहीं बनना है। दैट इज फेयर। बट कुछ तो एक्स्ट्रा सीखना पड़ेगा। देखिए मेहनत एक्स्ट्रा लगेगी तो अगर मेहनत लगा दोगे तो स्किल सेट आ जाएगा। और फिर डिपेंड यह भी करता है आप कहां से सीख रहे हैं। यह भी मैटर करता है। तो रादर दैन फोकसिंग कि 101 जगह से सीखें। जिन एक दो लोगों की आपको अच्छा लगता हो कि यह दो लोग सही सिखाते हैं उनसे सीखिए और बढ़िया बात आप लोगों के लिए यह है कि आज के ही पडकास्ट में हम लोगों को एक दो स्ट्रेटजी सीखने को भी मिलेगी तो क्यों ना यहीं से शुरू कर लिया जाए। तो अब डॉक्टर देवेंद्र मैं आपके पास वापस एक बार एक क्वेश्चन मेरे माइंड में आया जैसे कि प्रियांक सर कह रहे थे कि विक्स काफी बढ़ गई है। अब विक्स धीरे-धीरे कम होना शुरू हो रही है। ऐसी चीज को क्योंकि आपकी जो ट्रेडिंग स्ट्रेटजी है वो टेक्निकल बेस्ड है। आप ऑप्शन के प्राइसेस पे टेक्निकल नहीं लगा रहे। आप चार्ट्स पे टेक्निकल लगा रहे हैं मोस्टली गोल्ड के चार्ट पे, क्रिप्टो के चार्ट पे। सो आप विक्स या गिरते विक्स को कैसे हैंडल करते हैं? सी गिरती हुई विक्स पे भी अगर मान लीजिए कि उसे फैक्टर इन करना है प्राइस को तो प्राइस ऑलरेडी फैक्टर इन कर चुका होता है। बिकॉज़ उस पे थीटा भी चल रहा होगा। उस पे डेल्टा इंपैक्ट भी आ रहा होगा। जो गामा इंपैक्ट है, रो का इंपैक्ट है। जितने इंपैक्ट है वो सारे आ ही रहे होंगे और वो को-रिलेटेड है मेन प्राइस से। तो अगर मुझे ऑप्शन बाइंग करनी है तो मैं अभी आप चार्ट पर दिखाऊंगा कि कब नहीं भी करनी है और कब लोहा गर्म है तभी हथौड़ा मारना है। मेन प्रॉब्लम क्या है पता है कि मान लीजिए ऑप्शन सेलर है। ऑप्शन सेलर मान लो कि उसको एक बेनिफिट है कि 67% की चांस है कि वो जीत जाएगा। 33% ही मेरे को पता है कि मेरे पास चांस है कि मैं जीतूंगा। मुझे पहले से पता है कि 33% ही चांस है। अब मेरे ट्रेडर का प्रॉब्लम यह है जो हमारा व्यूअर है उसका प्रॉब्लम यह है कि वो ऐसा गेम खेल रहा है जिसमें 33% ही जीतना है। 67% हारना है। सर 33% मैक्सिमम है। मैक्सिमम अगर हम प्रीमियम कंसीडर ना करें तो अगर प्रीमियम कंसीडर कर दें तो वो 25 से 30% के आसपास है। तो देखो आता है ना सेबी का रूल सेबी का जो रिपोर्ट आई है डाटा आई है तो यही तो बताता है कि 5 से 10% है हां और उसका जो पैसा कमा रहे हैं वो लोग भी सिर्फ एफडी के रिटर्न्स को बीट कर पा रहे हैं कर पा रहे हैं मैं इस डाटा को थोड़ा सा और करेक्ट यहां पे करना चाहूंगा सर अगर उस डाटा को डिटेल में जाके पढ़ेंगे तो ये रेशियो एक्चुअली में अराउंड 75 ही है जो आप बोल रहे थे अगर उन ट्रेडर्स को काउंट किया जाए जो कम से कम दो से तीन साल से ट्रेडिंग कर रहे हैं। कर रहे हैं। द मैक्सिमम नंबर ऑफ़ पीपल हु वर लूज़िंग जो 93% या 90% का डाटा लूज़ करने वाला आता है, वह होते हैं जो बिगिनर होते हैं। बिगिनर होते हैं। ज्यादा, है ना? तो, शुरुआत में तो देखिए साइकिल चलाएंगे, तो चोट लगेगी। सर, हमारा पर्पस हमारा आज का जो हमारा डिस्कशन स्टार्ट हुआ था सर्च के साथ वो डिस्कशन ही इस बात पे हुआ था कि ये डेटा बिगिनर्स के लिए चेंज कैसे करना है। हमारी यही इंटेंशन थी कि ये बिगिनर्स सबसे ज्यादा पैसा लूज कर रहे हैं। इस डेटा को कैसे चेंज किया जाए? एट लीस्ट हम 93% से 75% पे तो आ जाए वहां पर। और मेरे ख्याल से हम इसी पर्पस को फुलफिल करने की कोशिश कर रहे हैं इस पॉडकास्ट के थ्रू। बिल्कुल। मतलब जैसे 70% वाला या 75% या 77% वो लोग थे जो 2 से 3 साल गुजार कर आए हैं। और हमारा पर्पस है कि ये टाइम पीरियड कम करा जाए। आप शुरुआत के छ महीने में भी कुछ लोग बढ़ जाए। मैं आपको मोटिवेशन के लिए एक बात बता देता हूं। मतलब मेरे जैसा बंदा जो पढ़ा लिखा ठीक था। इंटेलिजेंट था अपने जमाने में। तो उस समय पे मुझे ये अकेली फील्ड ने हराया था। हम लगातार वो भी 2013 से लेके 2018 तक। तभी आपकी थ्योरी में ज्यादा एक्स की बातें हो रही होती है। हां कि मेरा टाइम था आप जख्म खाए हो। अरे बहुत तगड़ा नहीं बिल्कुल आप खुद सोचिए कि मेरा खुद का रीज़न ट्रेडिंग में टिकने का क्या था कि जब पहला इन्वेस्टमेंट किया तो पैसा बन गया। आपने तो हां पैसा बन गया। देखिए मेरा साथ तो बिगिनर्स अलग प्ले हो गया था। बट जब ट्रेडिंग ट्राई करी उस पैसे से वो खो गया। और वो मेल ईगो आ गया। हम हार गए। अब देखिए बस फर्क इतना सा है। मेल ईगो में कई बार लोग गलत डिसीजन ले लेते हैं कि पैसा लेके कूद पड़ते हैं। सीधा लड़ाई करेंगे। हमने थोड़ी समझदारी दिखाई थी। सीख के ट्राई करेंगे। यही डिफरेंस है। मैं वही तो बता रहा हूं कि आपके पास में मतलब आपने कुछ ऐसा खोज लिया होगा या मिल गया होगा आपको जिसको फॉलो करके आप चल गए होगे। राइट? आपको और सबसे बड़ी बात है आपने इसके गुड साइड देखी। हम कि पहले देखा कि हां यहां कुछ हो सकता है। और फिर आपने कुछ ऐसा सीख लिया जिससे कि बन गई बात। करेक्ट। मैं ऐसा था जिसको पड़ी नहीं थी कुछ पढ़ने की। मतलब मेरे पास जो भी थोड़े बहुत पैसे थे तो मैं भी एचएमटी का शेयर खरीदता था। दो-ती दिन बाद बढ़ जाता था। उसको भेज देता था। मुझे लगा बड़ी अच्छी चीज है। लेकिन जब मारना शुरू किया ना डीमनेटाइजेशन का टाइम ये टाइम तब ये एहसास हुआ कि सीखना जरूरी है। 2008 में 21 जनवरी को पहले दिन 2008 में बात कर रहा हूं। मैं 24-25 साल का हुआ करता था। और उस समय आज से 18 साल पहले ₹1 लाख एक डिसेंट बड़ा अमाउंट हुआ करता था। और एनीवन हु हैज़ जस्ट पास्ड ह एमबीए या क्लियरिंग ह एमबीए। ऐसे टाइम पर ₹1 लाख मेरी टोटल सेविंग थी जो मैंने मार्केट में लगाई। 18 जनवरी को लगाई थी। 21 जनवरी को मैं बैंकरप्ट हो गया था। आपको लग रहा है चार दिन लगे थे। 18 को फ्राइडे था। 21 को मंडे था। अरे 18 तारीख शाम को मुझे याद है 2-3 बजे के आसपास मैंने भारत फोर्स का फ्यूचर परचेस किया था। 21 जनवरी को सुबह 9:55 में मार्केट खुलती थी। 9:56 तक मेरा पैसा खत्म हो गया था। ओ और वो डाटा मैंने उसके कुछ दिनों के बाद पढ़ा था। सेबी का डाटा तब तक नहीं आया था। मैंने कहीं पर पढ़ा था कि 90% पीपल और 95% पीपल लूज मनी इन द मार्केट। मेक मनी मार्केट एंड 5% पीपल मेक मनी इन द मार्केट। इस स्टेटमेंट ने मेरी जिंदगी बदली थी। इसका मतलब गलती सिर्फ मेरी यह थी कि मैं उस 95% वाली कैटेगरी में था। मुझे पढ़ के और सीख के इस 5% में आना है। दिस मोटिवेटेड मी टू बिकम पार्ट ऑफ़ द स्टॉक। आप दोनों के कन्वर्सेशन से टाइम आउट लूंगा 10 सेकंड का। सीखने वाली बात क्या है? सर ने क्या बोला? 2008 में भी ये 95% और 5% का गेम चल रहा था। चल रहा था। 2021 22 23 24 25 में भी यही चल रहा है तो ये तो यही रहने वाला है। आपको पहली बात उस 5% 10% में आने की कोशिश करनी है तो ये तो सोच के आओ एक और और मुझे लग रहा है सर 2016 में हम तो सोच रहे थे ट्रम्प ने मारा सर तो मोदी जी के भी मारे हुए हैं। [हंसी] नहीं ट्रम्प का ही मारा हूं। उस दिन नहीं नहीं उस दिन सेम डे ट्रंप का इलेक्शन था। अच्छा सेम डे उस दिन इलेक्शन था। अगले दिन जो मार्केट नीचे गिरी थी हमें आज तक समझ में नहीं आया कि वो किस वजह से गिरी थी। [हंसी] राइट आंसर हम मार्केट सुबह गिर गई। अब हमें यह तो पता है कि टेरर टेरर फंडिंग बंद हो गई है। हमें यह पता है कि बहुत सारी चीजें हुई है। किस वजह से डीमनेटाइजेशन हुआ था। लेकिन हमें ये नहीं पता कि मार्केट किस वजह से गिरी है। 2016 में पॉलिसी थी कि हिलरी क्लिंटन जीतेगी तो ये हो जाएगा। राइट? अब वो मोदी जी अचानक आ गए। आउट ऑफ द बॉक्स अचानक 8:00 बजे। हां भाई हमें तो नींद ना आए। वो हमारा सिलेबस आउट ऑफ द क्वेश्चन। 600 पॉइंट नीचे और मैं लॉन्ग। चलिए तो ऐसी चीजें हो सकती है। सर ऐसी चीजें नहीं मैं यहां पर यह नहीं बोलूंगा प्रियांक जी मैं यहां पर सभी लोगों को यह बोलूंगा ऐसी चीजें होती रहेंगी। यू हैव टू मेक श्योर कि आपकी स्ट्रेटजी इतनी रबस्ट रहे कि अगली बार आपको ऐसी चीजों से डर कम लगे। इसके बाद मेरा जो सबसे बड़ा नुकसान हुआ वो क्रेडिट स्विस के टाइम पर हुआ था। 2008 के बाद मैंने 2009 में बहुत पैसा कमाया जब मनमोहन सिंह साहब पीएम बने थे हमारे तो मार्केट में दो दिन अपॉर्चुनिटी लगे थे। लगातार फिर 2009 में सत्यम का क्रैश हुआ था। पहले सत्यम हुआ था 7 जनवरी को फिर 18 मई को पीएम इथे इन दोनों टाइम पे बहुत अच्छा छापा फिर फिर 2014 में मुझे लगा कि जैसे पीएम मनमोहन सिंह आए थे तब उस समय अपर सर्किट लगे थे तो इस बार तो क्लियर मेजॉरिटी बीजेपी की आ रही है इस बार भी अपर सर्किट लगेंगे मैंने सेम स्ट्रेटजी अप्लाई करी लेकिन इस बार इतना बड़ा नुकसान प्रॉफिट नहीं हुआ ऑलदो थोड़ा बहुत नुकसान ही हुआ था लेकिन अभी क्रेडिट स्विस वाला आया था फिर मैंने गलती करी और वहां पर मेरा नुकसान हुआ था उसके अंदर 2023 के अंदर क्रेडिट स्विस एक साल पहले दुनिया का सबसे बड़ा सेंट्रल बैंक था सेकंड लार्जेस्ट एक साल के अंदर कंपनी वाइप कंपनी तो मैं तो यह बोलूंगा अपने व्यूअर्स को कि ऐसी चीज़ जो प्रियांक सर बोल रहे हैं सिर्फ हर बार नाम अलग होंगे। हर बार इवेंट अलग-अलग होंगे। आपने देखा 2022 में क्रूड के प्राइसेस शार्पली ऊपर गए थे। हम आज जब रिकॉर्ड कर रही हैं तब भी क्रूड ऑल ऑल टाइम हाई के आसपास खड़ा हुआ है। दो दिन में नीचे आया है सिर्फ। ये चीजें चलती रहेंगी। यू हैव टू मेक श्योर कि आपकी स्ट्रेटजी ऐसी हो। वो इतनी रोबस्ट हो कि वो ब्लैक स्वन इवेंट्स को भी झेल पाए। सर मेरा क्वेश्चन वापस आपसे बिल्कुल सही। आप गिरते हुए विक्स को कैसे हैंडल करेंगे? गिरते हुए विक्स में जैसे मैंने अभी पहले भी बताया था कि हमारे पास में यह चीज़ें फैक्टर इन होती हैं। प्राइस पे वो ऑलरेडी रिफ्लेक्ट हो जाती हैं। जैसे कि मान लो बड़ा गैप अप हुआ। मेरा एक्सपेक्टेड है कि VIX नीचे की तरफ आ जाएगा। अब मेरी स्ट्रेटजीज़ ऐसी हैं जिसमें वेटिंग पीरियड है। कि भाई कब वेट करना है, कब हिट करना है। तो मैं अभी चार्ट पे एक उसमें से बताऊंगा। जैसे मैंने रेड बार अपना बना रखा है। यू नीड टू से नॉट टेकिंग अ ट्रेड इज़ आल्सो अ ट्रेड। यह वेगिंग वेटिंग टिल द ट्रेड कि जब तक यह कंडीशन फुलफिल ना हो जाए तब तक ऑप्शन बायर को हिट नहीं करना है। हम क्योंकि ऑप्शन बायर के लिए क्या चाहिए? मोमेंटम चाहिए ही चाहिए। तो उसकी कुछ प्रीरिक्वज़िट कंडीशंस हैं। वो ऐसे नहीं होनी चाहिए कि वो हुआ तो वो हुआ तो ये हुआ तो वो हुआ। मान लो मैं ओआईप के बेस में ऑप्शन बाइंग कर रहा हूं। फुलिशनेस मतलब मेरे टर्म्स में कहूं मैं ये कह रहा हूं। आपके टर्म में हो सकता है। हो सकता है हमारे व्यूअर्स उसको देख के पैसा कमा रहे हैं। मैं बहुत स्ट्रेट फॉरवर्ड। हो सकता है वीडियो यहीं पॉज हो जाए। नहीं मैं मेरे टर्म्स में आप मेरे को बाद में बोल देना। नहीं नहीं इस मार्केट में कोई सही या गलत नहीं होता। नहीं आपकी स्ट्रेटजी आपके लिए काम करती है। मैं एक बात बोल रहा हूं कि मान लो मैं स्पेकुलेटिव नहीं हो सकता यहां। हम ऑप्शन बायर को मैंने बहुत डाटा पढ़ा। हम बहुत पढ़ा कि भाई कोई तो रास्ता होगा जिससे पैसा बनता होगा। हम कोई तो रास्ता होगा। और मेरा एक और कहना है अगर कोई डीमोटिवेटेड फील कर रहा हो तो मैं उसको एक ही बात कहूंगा यह कोई मशीन मेड चीज नहीं है। ये मैनमेड चीज है। हम तो अगर उन्होंने बनाई है तो हम उसको तोड़ भी सकते हैं। अगर किसी ने ये पूरा मैथमेटिकल मॉडल हमारे लिए क्रिएट किया है कि ये चीज ऐसे होगी, वो चीज वैसे होगी तो कहीं आसमान से तो गिरी नहीं होगी। किसी ने सब समझा होगा। हम उसे समझ तो सकते हैं। तो अगर आप समझने पे जोर लगाओगे अपने मेथड पे तो मुझे पता है मेरी कमजोरी कहां है। अगर आप ऑप्शन बायर हो तो कुछ कंडीशंस होंगी जिसमें ट्रेड नहीं भी करना है ना। हम और जब ट्रेड करना है तो वो कंडीशन का पता होना चाहिए कि तब ट्रेड करना है। अगर आप 510 मिनट लेट हो गए तो फिर गधा खत्म बात। हम सो आज मैट्रिक्स ब्रेक करना है। तो मेरे ख्याल से यह जब आप कह रहे थे कि लोहा गरम जब है तब हमें ऑप्शन बाय करना है। मेरे ख्याल से हमारा लोहा गरम हो गया है। अगर आप अपनी स्ट्रेटजी के बारे में यहां से स्टार्ट कर पाए वी विल बी वेरी हैप्पी के स्ट्रेटजी इन एंड आउट एक्सैक्टली कैसे काम करती है आपकी। तो जितने छोटे वक्त में आप उस स्ट्रेटजी को डिस्कस कर पाएं। मैं अपने व्यूअर्स को यहां पर बता देता हूं कि हम तीनों इंस्ट्रक्टर्स ने आपके लिए एक फ्री कोर्स डिजाइन किया है। जहां पर हम तीनों ने कंजर्वेटिव, मॉडरेट, एग्रेसिव तीन टाइप की ट्रेडिंग स्ट्रेटजीस आपके साथ डिस्कस करी है। यहां पर हम उसके दो वेरिएंट्स का हिंट आपको दे रहे हैं। लेकिन आप पूरी स्ट्रेटजी समझने के लिए उनके प्रोज़, क्स, एसएल, टारगेट, रिस्क मैनेजमेंट, कहां एंट्री करनी है, कहां एग्जिट करनी है, सारी की सारी चीजें समझने के लिए आप उस कोर्स पे जरूर जाके चेक कर लीजिएगा। सो प्लीज डॉ. देवेंद्र यहां पे हम आपकी स्ट्रेटजी को समझते हैं। बिल्कुल। तो चलिए सर जैसे आपने पूछा कि अपनी स्ट्रेटजी में क्या यूनिकनेस है और हमें कब काम करना है और कब मैक्सिमम रिवॉर्ड हम निकाल सकते हैं। तो सबसे पहले जैसे किसी भी ट्रेडर को इस स्ट्रेटजी के अनुसार हमें क्या करना है? डेली चार्ट्स ओपन रखने हैं। डेली चार्ट्स में सबसे पहली समझदारी क्या है कि हम लोग इसमें एक एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज ऐड करेंगे। जिनको मूविंग एवरेज भी नहीं मालूम तो उन लोगों के लिए एक सिंपल सा फिनोमिना है कि मैं यहां पर एक्सप्पोनेंशियल मूविंग एवरेज में यहां पर फाइव की रीडिंग लेके चल रहा हूं। अब यह फाइव की रीडिंग का मतलब क्या है? पिछले 5 दिनों की क्लोजिंग प्राइसेस का एवरेजेस लेंगे। अगर सिंपल होगा तो सबको इक्वल वेटेज देंगे। अगर एक्सप्पोनेंशियल है तो रीसेंट डाटा को ज्यादा वेटेज देंगे। अब इसमें से क्या समझदारी वाली बात है और क्या यूनिक है। समझना ये है कि वीक में होते हैं पांच दिन। राइट? और उन पांच दिनों में इस मूविंग एवरेज को छूना जरूरी है। आप पिछले जितना भी डाटा देखेंगे तो उसको छूना ही छूना है। करेक्ट। एक बात। अब इससे क्या पता चलेगा? इससे इंफॉर्मेशन यह पता चलेगी हम करंटली कहां हैं। हम मान लीजिए कि हम अभी करेंटली हवा में हैं। हम अभी इस डाटा के अनुसार हम हवा में हैं। तो मेरे पास अपॉर्चुनिटी है कि कल अगर इस कैंडल का लो टूटा तो एक स्कोप बनता है नीचे तक। राइट? हम रिवॉर्ड सेट होगा यहां पर। हम यानी कि कल अगर मैं जब खेलने जाऊंगा इसमें तो कल मैं अगर मार्केट में उतरता हूं तो ऑप्शन बयर के लिए नीचे स्कोप है। यह मुझे पता है। ठीक है? अब अगर मैं इसी फ्रेम ऑफ माइंड से यहां बैठा होता बॉटम पे देखिए बॉटम पे भी हम उस मूविंग एवरेज से दूर हैं। तो उसके अगले दिन एक सेटअप था जिसको अगर मैं यूज़ करता तो मुझे यह पता है कि हो सकता है अगले दिन अगर मैं नीचे खुलूं तो एक प्रोविजन है कि वो उस फाइव पीरियड मूविंग एवरेज को छू सकता हो। डेली चार्ट के अनुसार। तो अगर हम उस डेली चार्ट पर लेवल सेट करके रखेंगे तो एक रिवॉर्ड सेट होगा। अब इसको कैसे ट्रांसलेट करेंगे इंट्राडे के बेसिस में कि इंट्राडे में भी रूल है कि इंट्राडे खत्म नहीं हो सकता जब तक 5 मिनट की ये पांच मूविंग एवरेज को हम छू ना लें। सर एक सेकंड बिफोर आई विल प्रोसीड सर अगर ये जो ईएमए को टच करने वाला जो कांसेप्ट है हां जी। अगर ये गैप अप में या गैप डाउन नहीं हो गया तो मेरा ट्रेड खत्म हो जाएगा वहां पे। एक अपॉर्चुनिटी है। फिर उसके लिए मैं स्ट्रेटजी बताऊंगा कि ट्रेड कैसे करना है आपको। अच्छा ठीक है। राइट? मान लीजिए ओपनिंग प्राइस तो एक फ्लिप में होगा। एक छोटा सा टाइम पॉइंट होगा। बीच में स्पेस तो बचेगा ट्रेड करने के लिए। तो अगर मुझे इसको प्ले आउट करना है तो मुझे ये पता चल गया कि इंट्राडे में एक स्कोप बनता है मेरा। हम ठीक है? तो ये स्कोप कैसे करा जाए? तो अब इसको ट्रांसलेट करते हैं कि इंट्राडे प्लेयर कैसे यूज़ करेगा इस डाटा को। तो मुझे इसमें सीधे 30 मिनट्स के टाइम फ्रेम पे जाना है। अब 30 मिनट्स का प्लेयर क्या करेगा? अब देखो आपको रिवॉर्ड चाहिए। ठीक है? अब रिवॉर्ड चाहिए तो क्या करेंगे? इसमें समझने वाली बात क्या है? इंट्राडे में गेम खत्म नहीं होगा, दिन खत्म नहीं होगा जब तक इस मूविंग एवरेज को हम टच नहीं कर लेते। ओके। ओके। मान लीजिए एक सिचुएशन बनती है। मान लीजिए एक सिचुएशन बनती है। जैसे ये वाला दिन है। हम हम नीचे खुले। ठीक है? नीचे खुले तो मूविंग एवरेज कहीं यहां होगा ऊपर। ठीक है? हवा में। अब इसके पास दो चांसेस हैं। या तो यहां रुक जाए और यह इसके पास आ जाए। हम रुक जाएगा तो भी गेम सेट है। नहीं है तो भी गेम सेट है। तो अब इसको प्ले आउट कैसे करेंगे वो मैं आगे बताता हूं। उससे पहले आप एग्जांपल्स देख लो। जब भी कभी यह मूविंग एवरेज से दूर खुला ही होगी। दूर मार्केट खुलेगा। तो मुझे पहले ही पता होगा कि मेरा गेम यहां पर स्कोप दे रहा है। जैसे कि अगर मान लो नीचे खुले हम तो शुरुआत में तो जाकर उसको छू नहीं लिए होंगे। ठीक है? तो वहां से एक स्कोप बनता है यह वाला जैसे एरिया। राइट? यह स्कोप बनता है कि यहां तक रिवर्सल्स के लिए प्ले आउट हो सकता है। हो सकता है कि यहां से एक रिवर्सल आ जाए। अब उसको कैसे गेम प्लान करेंगे? क्या करेंगे? मैं आपको स्ट्रेटजी में पूरा बता दूंगा। देवेंद्र सर ये हो सकता है। हां जी। बट जैसे अभी हम ये वाले दिन की बात करें। 23 ऑफ़ जो एक दिन था हमारा प्राइसेस अ थोड़ा सा पीछे चलते हैं मेरे पीछे पीछे पीछे पीछे पीछे पीछे ओके या यहां पे इससे एक दिन पहले ये वाला तो यहां पर जब प्राइस मार्केट नीचे खुली हां जी तो प्राइसेस ऊपर जाने की जगह ईएमए इटसेल्फ ही नीचे आ गई हां ऐसे दिन पे हमारा वो हम इस चीज़ को नहीं कर सकते हैं यूज़ अच्छा वो वो उन्होंने बताया एक्चुअली में कि या तो ईएमए पास आएगा प्राइस के या प्राइस उसके पास जाएगा तो वो दोनों ईएमए पास आएगा तो भी हम उसको को ट्रेड कर लें। वो दोनों तरीके बताने वाले हैं। देखिए सिंपल सा कांसेप्ट है जो मैं अपने सारे स्टूडेंट्स को पढ़ाता हूं कि हस्बैंड वाइफ थ्योरी हस्बैंड वाइफ थ्यरी क्या बोलती है कि आप घर में जैसे एग्जांपल ले लो कि पापा मम्मी तो होंगे ही आपकी शादी ना भी हुई हो तो। तो अक्सर ना पापा मम्मी की बात सुन रहे होते हैं और जिनके घरों में मम्मी की बात नहीं सुन रहे होते उनके घर में धड़ाम धड़ धड़ाम धड़ कुछ तो चल रहा होता है। सही बात है। चाहे मेरे हो या आपके हो या मेरी भी शादी हो गई है तो मुझे पता है कि चलना किसके हिसाब से है। ठीक है। अगर नहीं चलूंगा तो क्या होगा? तो अपने को क्या ध्यान देना है कि ईएमए जो है ना वो वाइफ है। ये जो बोलेगी अपने को करने का है। अगर अपन इसकी बात नहीं सुनेंगे तो घर में बजा बवाल। हम तो यह या तो मैं रुक जाऊं और इसका इंतजार करूं या तो चुपचाप मुंडी का बिस्तर उठाऊं और इसके पास चला जाऊं। ठीक है? तो एक सिंपल सा लॉजिकल बात ये है इसके पीछे कि मान लीजिए कि प्राइसेस अपने एवरेजेस को मेंटेन करते हैं। हम ये डायनेमिक सपोर्ट रेजिस्टेंस का काम करते हैं। ये होना ही है स्टेबिलिटी के लिए। तो अब हम इसको प्ले आउट कैसे करें? 30 मिनट के इस चार्ट पे मैं प्ले आउट कैसे कर सकता हूं? देखिए जब भी पहले 30 मिनट का यह प्राइस एक्शन बनेगा तो इस वक्त मार्केट में दो प्लेयर्स काम कर रहे होंगे। एक बयर होगा, एक सेलर होगा। अगर ओवरऑल पर्सपेक्टिव की बात करें, कुछ लोग सेल करने की कोशिश कर रहे हैं। कुछ लोग बाय करने की कोशिश कर रहे हैं। इस 30 मिनट के पॉइंट ऑफ़ बैलेंस पे यानी कि जब दोनों प्लेयर्स काम कर रहे हैं, तो मुझे यहां पर एक स्कोप पता चलता है। मान लीजिए ये प्राइस है 24 का। 24 को यहां पर सेलर काम करते हैं, तो मैं यहां पे फिब रेशियोज़ यूज़ करता हूं। हम ठीक है? फिब रेशियो से क्या पता चल जाता है कि भाई यह बयर और सेलर के बीच में जो लड़ाई है वो खत्म होगी बयर के टर्म में अगर हमने 20 टू 8:15 का पार कर दिया आज के दिन में ओके और नीचे स्कोप है नहीं ज्यादा कहां तक स्कोप है ईएमए तक ईएमए तक स्कोप है तो तुम्हें अगर प्ले आउट करना है तो उतना ही ज़ोन तुम्हारे लिए अब मान लीजिए ये चीज ना होती हम तो आपको पता नहीं है मुझे पता नहीं है हम तो ये चीज अगर है अगर आप समझते हैं इस चार्ट को तो आपके पास ये पता चल गया दिन के दौरान मामला पलट जाएगा अगर आपने यह प्राइस पार कर दिया। यह हमें करना है पहली कैंडल क्लोज होने के बाद। बिल्कुल सही है। हमें उस कैंडल की रेंज डिसाइड करनी है। डिसाइड इक्विलिब्रियम पॉइंट है वो डिसाइड करेगा। उसके ऊपर है तो बायर कंट्रोल में है। उसके नीचे है तो सेलर कंट्रोलर कंट्रोल में और सेलर का टारगेट हमारा क्या रहेगा? ईएमए का। अगर ईएमए ऊपर होता तो हमारा टारगेट बयर का रहता। का रहता। ईएमए और सेलर का कंट्रोल रहता। जैसे फॉर एग्जांपल अभी रिसेंटली देख लीजिए यहां पे देखिए। अगर मैं पिछले दिन जब गैप डाउन हुआ था ना हां तो मैं लाइव था अपने स्टूडेंट्स के साथ में और मैंने बोला रुक जाना सेल मत कर देना गलती से क्योंकि आप ईएमए ऊपर है उसको छूना पड़ेगा उसको और आप इस रेशियो में देखिए पूरा बाजार कितना गैप डाउन हुआ था 450 500 450 पॉइंट चले गए थे नीचे और उसके बाद ऑलमोस्ट कवर करके ले गए थे ऊपर अभी दो दिन पुरानी बात है आप यहां पर देखिए नीचे खुले उसके बाद में अगर अगर मैं इसके पॉइंट ऑफ बैलेंस की बात करूं चकि ग्रीन कैंडल है तो हम इसमें फ्यू रेशियो ड्रॉ करेंगे और उसकी सेटिंग भी व्यूअर को बोलेंगे नोट डाउन कर लो। ये सेटिंग हम यूज़ करते हैं हर बार। 0.44 एंड 0.5 ये हमको एक पॉइंट ऑफ बैलेंस बताता है कि बाजार अगर इसके नीचे नहीं गिरा तो तुम इसमें नेगेटिव पर्सपेक्टिव मत लाना। हम ओके? अगर आप नेगेटिव पर्सपेक्टिव लाओगे तो आप जब पहला ही सेलर आपके हक में नहीं है तो आप किससे लड़ोगे? तो मेरा हमेशा कहना है उसका हाथ पकड़ के चलो जो इंस्टट्यूट है। हम तो आप बेसिकली इसमें 10% का डेविएशन यूज़ कर रहे हैं इक्विलिब्रियम इक्विलिब्रियम के लिए कि भाई ये दोनों इक्विलिब्रियम किस तरफ चल रहे हैं? अगर मामला इधर तक है तो ये रहा ईएमए पहला टारगेट सेट है। अगर मुझे एक चांस मिला तो मैं यहां से प्ले आउट कर जाऊंगा। ठीक है? ठीक है? अब इसको प्ले आउट करते कैसे हैं? मान लो यहां पर गेम सेट हो गया। सब चीजें समझ में आ गई कि भ ऐसे करनी है। ठीक है? लेकिन इसको करेंगे कैसे? तो दूसरे के लिए हमने क्या यूज़ किया है? हम मैंने एक रैंको सुपर ट्रेंड इंडिकेटर बनाया है। ठीक है? जो रैंको लॉजिक्स पे काम करता है। तो उसके साथ में हम लोग इस तरह से प्ले आउट करते हैं उसको। ठीक है? कि अगर इसमें भी कहीं पर आपको बाय सेल सिग्नल जनरेट होता हुआ दिखाई दिया तो फिर वो जो कैंडल पे ये बाय सेल सिग्नल आया है वो भी एक टारगेट कैंडल है। वो वाला कैंडल जो मान लीजिए सुपर ट्रेंड इंडिकेटर क्या है? सुपर ट्रेंड इंडिकेटर इज सिंपली एटीआर बेस्ड इंडिकेटर जो कि रेंज ब्रेकआउट्स को बताता है। राइट? अब मैंने जो यहां पर सेटिंग में मैंने इसको 10 2.1 पर रखने की सलाह दी है। आप इस तरह से मैंने वैलिडेटेड डेटा के अनुसार ये वाली जो कैंडल है ये टार ये कैंडल मेरे लिए टारगेट कैंडल कहलाएगी। इसमें कि एक अपॉर्चुनिटी यहां है। एक अपॉर्चुनिटी नीचे की तरफ है। तो एक इंडिकेटर बेस्ड अपॉर्चुनिटी है आपके पास में। एक है ईएमए बेस्ड अपॉर्चुनिटी। जैसे कि अगर मान लो यहां से मेरे पास एक स्कोप बना था। इसमें यह कैंडल किसके पास थी? ये कैंडल दूर थी ना इस कैंडल? राइट? ईएमए से दूर थी। अब ईएमए से दूर होने पे अगर मैं यहां पर पॉइंट ऑफ बैलेंस थ्यरी लगा देता हूं और इस कैंडल का लो क्रॉस नहीं होता है। देखिए इस कैंडल का लो क्रॉस नहीं होता है। तो इसका जैसे ही 50% क्रॉस करेगा तो कौन घुसेगा इसके अंदर? बयर लेकिन क्लोजिंग के हिसाब से आप क्रॉस कह रहे हैं। बिल्कुल। ओके। अब इसको प्ले आउट हम छोटे टाइम फ्रेम पे भी कर सकते हैं। कैसे करेंगे? मान लीजिए इसका कोरिलेशन बिठाना है। अब हम 30 मिनट्स पे तो हमने सेटअप कर जैसे ही इसने ऊपर क्लोज किया ईएमए भी क्लोज कर दिया। हमारा तो टारगेट ही कंप्लीट हो गया। ना टारगेट तो रिस्क रिवॉर्ड के बेसिस पर आप सेट कर सकते हो ना छोटे टाइम फ्रेम्स पे। अब मान लीजिए मैं आपको एक सेटिंग बता रहा हूं कि ये दूर है। इससे छुएगा। अब इसके ऊपर चढ़-चढ़ के चढ़-चढ़ के चल तो रहा है ना। तो ट्रेलिंग तो कर सकते हैं। अब देखिए अपॉर्चुनिटी कहां है? मान लीजिए अब इसके बेसिस पर लॉजिक कैसे सेट होता है? इंट्राडे का रेंज कितनी है निफ्ट्टी 50 की? मेरा सवाल जनरल आप लोगों से भी है। आजकल तो ज्यादा हो गई नहीं तो वैसे मिनिमम कितनी है? 150 200 के बीच में आज की डेट में चलता है। 150 से 200 के बीच में है। अब मान लो आज की डेट में तो 300 300 भी भाग जा रहे हैं अपन। लेकिन 150 150 के खांचे भरेगा। यानी कि 150 भागेगा फिर 150 भागेगा। इस तरह से रहता है। अब यहां पर अगर आप रेंज फुलफिलमेंट की बात करो तो यहां पर अगर ये रिवर्सल आता है तो जीतते हुए मुझे पता है कि ऊपर गैप है ये भाग जाएगा। ओके मान लो एक कंडीशन है तो इसको 150 200 पॉइंट तो आइदर दिस वे और दैट वे इसको कन्वर्ट करने ही करने हैं। तो अगर मैं एक प्रोविजन लगूं तो मेरे पास में चांस क्या है कि मेरे पास में अगर मैं ऑप्शन बयर हूं तो मुझे अगर कॉल बाय करनी है तो मेरा स्टॉप लॉस तो यहीं है ना। सो बेसिकली अगर मैं इसको आसान भाषा में समझने की कोशिश करूं तो हमने पहले एक 30 मिनट की कैंडल स्टिक को मार्क कर लिया के बेसिस पर। हमने डिसाइड कर लिया अगर आप इसके अपोजिट डायरेक्शन में 50% से ऊपर जाते हैं तो हम बुलिश हो जाएंगे। जैसे डाउन क्लोज है और अगर इसके नीचे रहती है तो हम लोग ईएमए को टारगेट करने। बिल्कुल सही। अब जो केस आपने बताया इस केस में मार्केट का ईएमए पहले ही पास था। पहले ही पास था। मार्केट ने जैसे ही 50% को ब्रेक करा हमें ये तो पता था कि बायर्स कंट्रोल में आ गए। तो हमने साइड में प्लान करना है। अब यहां पे आपने बोला कि मैं ऊपर वाले गैप को कर लूंगा। यानी कि गैप का लूंगा। तो इसका मतलब यह है कि हमें और एक दो चीज़ पहले से समझ में आनी चाहिए कि गैप को यूज़ कर सकते हैं। मल्टीपल वेरिएबल मल्टीपल वेरिएबल्स हैं। सिर्फ सिर्फ फिबोनाची नहीं है। जैसे फिबोनाची नहीं है। राइट? जैसे मैंने आप ही की थ्योरी पढ़ी है। जो गैप थ्योरी है। आपने गैप थ्योरी पे बढ़िया सा बड़ी अच्छी बात कही थी कि आप वहां पे भी बायर सेलर कंट्रोल फाइंड कर सकते हैं कि 50% रिट्रेसमेंट जो 50% जो लेवल रहता है वो भी टारगेट लिया जा सकता है और उसके ऊपर निकल गया तो पूरा मामला ही चेंज हो जाएगा। आप उसको ऊपर तक भी टिका सकते हो। तो अपन एक बेसिक नॉलेज हमारा क्या कहता है कि मान लीजिए 2 अप्रैल को मुझे ट्रेड करना था। मैं एक केस स्टडी दिखाता हूं। मान लो 2 अप्रैल को मुझे ट्रेड करना था और मुझे पता है कि ये जो कैंडल है 12:15 वाली ये मेरी टारगेट कैंडल है। अब बयर के पर्सपेक्टिव से मैं आपको दिखाता हूं कि इसमें ट्रेड बनता कैसे हम मान आपका यहां पे टारगेट वर्ड का मतलब है ये मेरा ट्रेड लेने के लिए मेरा पर्पस कैंडल है। हां पर्पस कैंडल ट्रेड का टारगेट ठीक है। जैसे मान लीजिए कि कैसे बोलते हैं कि मान लो कोई कैंडल मेरी दूर बन रही है एफआईएमए से हम तो मैं अभी के लिए इस पर्टिकुलर सब्जेक्ट में अभी करेंटली मैं इसको टारगेट कैंडल इसको मान के बता रहा हूं। ठीक है? लेकिन जो भी टारगेट कैंडल दूर होती है ना एफआईएमए से वो हर एक कैंडल पर्पसफुली बार-बार टारगेट कैंडल बनती जाती है क्योंकि उसको हमें पता है कि ऑब्जेक्टिव ईएमए टच करना है। ईएमए टच करना है। एक ट्रेड तो बनना ही बनना है। लेकिन यहां पर पर्पसफुली मान लीजिए हम इसको टारगेट कैंडल मानते हैं और मैं आपको कॉल के चार्ट पर यह चीज दिखाता हूं कि पर्टिकुलरली उस दिन उस पर्टिकुलर डे जिस दिन मैं यह बात कह रहा हूं तो 2 तारीख को हां दो तारीख परपसली यहां पर चलो ड्रॉन भी है। आप यहां पर देखो कि मैं इसको ड्रॉ करके दिखाता हूं। चलो 30 मिनट्स का चार्ट है। अब इस 30 मिनट के चार्ट पे जो प्रीमियम की बात कर रहा हूं मैं जैसे मैं हर बार बोलता हूं कि ओटीएम से पैसा बना सकते हो आप। ठीक है? तो ओटीएम ऑप्शन में यह चीज ऑलरेडी एक दिन पहले ₹47 की थी। अभी ₹47 की चीज हमारी खुलती है ₹8 पे। ठीक है? 30 मिनट का प्राइस एक्शन होता है। नेगेटिव कैंडल बनती है। यहां पर एक नेगेटिव कैंडल का पॉइंट ऑफ बैलेंस हमको मिल जाता है। सेम काम जो हमने स्पॉट के चार्ट पे किया। अब हमने प्रीमियम के चार्ट पे प्रीमियम के चार्ट पे कर दिया। तो हमारे पास बेस लाइन मिल गई मुझे कि ₹19 की बेस लाइन है भाई। इससे नीचे अगर गया तो इसका गेम तो वैसे भी खत्म है। एक सेकंड मेरा एक क्वेश्चन यहां पर यह है कौन सा स्ट्राइक प्राइस? आपकी मर्जी के जेब में जितने पैसे हो वो मर्जी का स्ट्राइक उनका कहना है कि ओटीएम में आप वो ऑप्शन चूज़ कीजिए जो अगर कल वो तो उनके लोगों ने बताया जिनका पैसे नहीं है। हां मेरे पास है। मैं इन द मनी में कर सकता हूं क्या? आप इन द मनी में करोगे। अगर आपका रिस्क आपको पता है कि 150 100 पॉइंट का मोमेंटम आने वाला है। अगर आप डेल्टा के वेरिएंट के हिसाब से मान लो का डेल्टा है और ₹50 की कैंडल है ये। हम तो तो आपको ₹35 देने हैं। मैं मैं657 डेल्टा के अब मेरा ट्रेडर बायर क्या है? वो 35 ही खेलना जानता है। 35 ही है उसके। हां। अब उसका माइंड अलाउ ही नहीं करता है कि वो वो 100 पोजीशन पे 3500 का लॉस ले। राइट राइट। तो वो बंदा क्या है? पहले ही डर जाता है। तो अपनी मर्जी से कोई भी स्ट्राइक आप उठा लो उसके। उठा लो और डेल्टा को ध्यान दो। एक एक आसान तरीका मैं यहां पे कर देता हूं वअर्स के लिए कि आप क्या करिए? पहले 30 मिनट की जो कैंडल की रेंज है उसे देख लीजिए। हम जैसे कि पहले कैंडल स्टिक की रेंज जो है लगभग यहां पर अगर हम देखें तो ₹19 से कुछ ₹30 यानी कि लगभगलगभग 12 पॉइंट की रेंज मान लेते हैं। 12 पॉइंट की आपकी रेंज है। तो आपने देखा कि 12 पॉइंट की रेंज है तो 12 ही पॉइंट मैक्सिमम स्टॉप लॉस मेरा जाने वाला है। तो क्या मैं ये रिस्क बर्दाश्त कर सकता हूं? उसमें भी सर आधा है ना? उसमें भी आधा ही बेसिकली तो आप यह देखिए कि अगर आपने जो स्ट्राइक प्राइस चुना है वह कहीं महंगा ऑप्शन प्रीमियम है और वहां पे जो रेंज बन गई वही 30-40 पॉइंट बन गई। तो वो तो अगर आप 20-25 पॉइंट अगर स्टॉप लॉस ले सकते हैं तो आप उसे ट्राई कर लीजिए। होता क्या है जनरली सर आपका ट्रेडर जो भी आप पढ़ाते हैं इतना ज्यादा तो आपका बंदा क्या बोलता है सर नीचे गया था डर गया था फिर निकल गया था फिर मेरे डायरेक्शन में भाग गया। सो बेसिकली सर की स्ट्रेटजी कह रही है कि साइकोलॉजी को थोड़ा सा जो रिस्क है साइकोलॉजिकल उसको कम कर दो अगर आप नए हो आप पीनएल के जाल में मत फसो क्योंकि आपको पहले ही पता है कि ज्यादा लॉस नहीं द स्टोरी कि आप जो मर्जी स्ट्राइक उठा लो जो आपको लगता है पर अपना एक रूल डिसाइड कर लो कि आप ओटीएम करना चाहते हो ज्यादातर केसेस में सर एक सिंपल रूल होता है कि मैक्स ओआई मैक्स ओआई कहां होता है अराउंड नंबर पे होता है राइट ठीक है अराउंड नंबर पे होता है तुम्हारी जेब में तुम्हें पता है कि मेरे पास ₹10 है बट मेरे को ट्रेडिंग सीखनी है हम मुझे पता है कि ₹10 का प्रीमियम भी होगा तो ₹2 नीचे नीचे जाएगा हम तो अगर आप ₹2 बर्दाश्त कर सकते हो गेम सीख तो सकते हो एटलीस्ट हम और सबसे बड़ी बात ऑप्शन बयर के पास में इंक्रीजिंग डेल्टा एडवांटेज है हम वो तो ऑप्शन बायर के पास है ऑप्शन परचेस ऑप्शन सेलर के पास में है कि वो डिक्रीजिंग डेल्टा खेलता है। अब मैं यहां से अगर मैं ऑप्शन बयर हूं। मुझे पता है कि इंट्राडे की रेंज 150 पॉइंट है। इसे भागना है उस तरफ हम और मैं ऐसी ट्रेडिंग कर रहा हूं जिसमें पहला बायर सेलर घुसा हुआ है और रिवर्सल आया और या कंटीन्यूएशन आया तो कंटीन्यूएशन आया या रिवर्सल आया तो इसको 150 पॉइंट कवर करने होंगे। यहीं पर जो बिगिनर्स हैं जैसा मैंने पहले ही बताया था कि मैथ्स में भी ये क्वांट्स है ऑप्शंस। तो हो सकता है किसी को डेल्टा ही ना पता हो। ये डेल्टा कहां से आ रहा है। वो सब अल्फा बीटा गामा उसके लिए हमारे चैनल में बहुत सारी वीडियो ऑलरेडी है। वो जाके आप लोग वो वीडियोस चेक कर लें। सीधी सी भाषा में आपको बता दें कि जितने पॉइंट्स आपका स्पॉट का चार्ट ऊपर नीचे होगा उसके रेस्पेक्ट में प्रीमियम कितना ऊपर नीचे होगा यह इसको दिखाता है। इसलिए आपको ये सीखना आना चाहिए। आप जाकर अब सर्च पर ही सीख लें। तो मान लीजिए हम इससे एग्जांपल के तौर पे हम ये सीख चुके हैं कि यहां से रिवर्सल आना है। और वो जो कैंडल टारगेट कैंडल है हमारी वो कौन से टाइम फ्रेम की है? 12:15 की है। तो 12:15 की कैंडल हम एग्जैक्टली इस प्रीमियम पर ढूंढेंगे। ठीक है? कि भाई मेरे पास 12:15 की कैंडल कौन सी है? तो मैं यहां के देखता हूं भाई 12:15 की ये है। मैं क्या करूंगा? उठा के सीधा इधर पर एक और फिप ड्रॉ कर दूंगा। ओके? कि भाई जब तक इसका 50% सपोर्ट कर रहा है हम तू इस ऑप्शन में बना रहे। अब रिस्क क्या हो गया? और इसका भी छोटा हो गया। उसका भी छोटा हो गया। तो मैंने क्या बोला था? अगर आप लूज़ करोगे तो ₹2 मिलेगा तो ₹20। अब खेलना हमें ऊपर की साइड है। ऊपर की साइड अनंत सागर है। अब आप अगर इसको बर्दाश्त कर ले गए तो आप इसका इफेक्ट देखो ना सर। करेक्ट समझ कि भाई आएगा तो यही बयर हर जगह सपोर्ट करेगा। हम और अगर मुझे माल उठाना है अगर मुझे माल उठाना है तो मैं इस जगह पर उठाकर ये स्टॉप लॉस के साथ में ₹23.55 के स्टॉप लॉस में एंट्री 25 पे अगर बैठता हूं। ₹1.5 के स्टॉप लॉस से आप इसे 39 तक लेके जा सकते थे। एटलीस्ट लगभग 12 टू 13 पॉइंट्स ₹2 से भी माने तो 1:56 5 1 पकड़ सकते हैं। अच्छा इसमें यहां पे आपका जो स्टॉप लॉस रहेगा वो क्लोजिंग बेसिस पर रहेगा क्योंकि बिल्कुल सही जा सकती है। हां वो नहीं जाती है। अच्छा ओके। मैं ये काम पिछले 3 साल से 4 साल से लगातार कर रहा हूं। तो मैंने यह देखा है सब गेम सेट है। आप देखो यह तो मैथमेटिकली नीचे जाना चाहिए। अगर मैं ऐसा सोचूं कि थीटा डीके थीटा डीके थीटा डीके तो ये तो नीचे जाना चाहिए ना अगले दिन लेकिन ये बायर नहीं जाने देगा उस लेवल को क्योंकि यहीं पर मेरा सोचना ऐसा है जो कैंडल पे वो हारा वहां कोई ना कोई स्ट्रांग बंदा घुसा हम हम तो वो जो घुसा है वही बायर मुझे ऊपर लेके जाएगा। ओके। अब अगर मैं रिस्क रिवॉर्ड सेट करता हूं तो मेरे पास में अगर मान लो यह रिस्क ले चलता हूं कि ₹19 और मैं यहां पर ₹6 के रिस्क लूं तो मैं 1:2 1:3 तो बुक कर लूंगा। हम आप इस पूरे गेम प्लान को समझोगे तो किसी के पास दम है तो आप जो स्ट्रेटजी पे आप घुस चुके हो और आप ट्रेंड को खेल ले गए। मतलब आप इस ट्रेंड को मेरे रैंक को सुपर ट्रेंड से खींच ले गए ऊपर की तरफ। हम आपके अंदर अगर कुबत है कि इसको ऊपर ले जा सकते हैं तो वह जो ₹25 का ऑप्शन है ना वो यहां पर जाकर कन्वर्ट हुआ 9 तारीख को हम तो उसको खींच के ऊपर पार्शियल प्रॉफिट बुकिंग के साथ में मिनिमम लॉट तो लेके जा सकते थे हम अब डिपेंड करता है कि किसके किन्ता जिगरा है होल्ड करने का। अब वही ऑप्शन जो यहां पर खरीदा गया था इस तरीके से यहां पर हम कोई चीज अपने रिस्क रिवॉर्ड को सेट करेंगे। किसी इंडिकेटर पे ट्रेड नहीं करेंगे। अब यहां पर अगर आप देखो तो अगर यह एंट्री है तो यह चीज 149 भी गई है। हम यह चीज 149 आप 149 ना करो कम से कम वो ₹2 का ₹5 तो करो। तो ऐसे ही हम रेड बार पढ़ाते हैं कि सुबह-सुबह आके इस 30 मिनट के अंदर भी पहचान सकते हो मामला किस तरफ जाने वाला है। और फिर आप इस डाटा को यूज़ कर लो कि 30 मिनट पे कौन हारा, कौन जीता। हम तो उसके बेसिस पर अगर हम बैठ जाएं तो हम करेक्ट साइड तो बैठेंगे एटलीस्ट। उसको पता तो चले कि भाई बयर के साथ जाना है कि सेलर के साथ जाना है। तो इसीलिए मैं बोल रहा था कि मैं किसी डाटा पे कैसे डिपेंड करूं। मैं ओआई पे कैसे क्यों ट्रेड करूं भाई? अगर मान लो मुझे स्पेकुलेट करना होता तो ठीक है। ओआई कैसे काम करता है सर? मान लो पोजीशनल ट्रेडिंग करनी है। बहुत एफिशिएंट टूल है। इंट्राडे में मुझे भी पता है डाटा 3 मिनट 4 मिनट लेट आ रहा है। राइट? और तब तक तो 5 मिनट स्विंग के लिए स्विंग के लिए अच्छा डाटा है। जहां से आप मार्केट के मेजर लेवल्स पता कर सकते हैं। मेरा ही मेरा ही बडी है। ट्रेडिंग बडी तो वो ट्रेडिंग बडी स्टक्स करता है इतना जबरदस्त ओआई के बेसिस पर जो मैं शायद छू भी ना पाऊं लेकिन मेरा गोल क्या है? मैं आज तक स्विंग कर ही नहीं पाया जिंदगी में। तो मैं इंट्राडे ट्रेडिंग मेरे को बेस्ट लगती है। अभी यहां पे यहां पे सबसे बढ़िया बात सर ने जो बोली है समझने वाली है कि आपको आपका एज पता होना चाहिए। उन्हें पहले दिन से पता है कि मुझे तो इंट्राडे ही जमता है। इंट्राडे ही करना है। ये सब बहुतेंट है। बहुतेंट है। जैसे अभिषेक शर्मा को पता है कि मुझे तो टी20 ही खेलना है। टेस्ट मैच का बैट्समैन को पता था। वीएस लक्ष्मण को पता था। उन्होंने नहीं खेला है। पुजारा को पता था उन्हें टेस्ट ही खेलना है। उन्होंने वही किया। यू मस्ट प्रैक्टिस योर एज आल्सो एक और यू मस्ट फाइंड योर एज फर्स्टली मैं एक और कमी बता देता हूं अपनी मैंने जैसे लोग ट्रेडिंग अकाउंट चलाते हैं मान लो ट्रेडिंग है हम अब हम लोग की आदत होती है कि मुझे पोर्टफोलियो बनाना है मुझे पोर्टफोलियो बनाना है मुझे पोर्टफोलियो बनाना है तो मैंने ना 10 बार पोर्टफोलियो बनाया होगा और 10ों बार बेच दिया वो पेशेंस नहीं [हंसी] बता इंट्राडे वाला इंट्राडे वाला मेरे अंदर नहीं है वो क्या लगता था मान लो मैंने ₹3 लाख बना लिए अब वो मैं पांच दिन से देख रहा हूं 6 महीने से भाई वो तो ₹3 लाख भी नहीं दे रहा। मेरा पैसा वेस्ट लग रहा है मेरे को। तो वो आपके अंदर प्रॉब्लम ना आए तो इन चीजों को सेपरेट भी कर देना। हम और ठीक है। आप करो पैसिव इन्वेस्टिंग आराम से टाइम करने की जरूरत नहीं है। बहुत सारे टूल्स हैं। इस मार्केट में कुछ भी सही या गलत नहीं है। आपके लिए क्या सही है? जैसे प्रियांक सर भी कहते हैं कि मेरे लिए क्या सही है वो मुझे पता होना चाहिए। मेरे लिए क्या गलत है वो मुझे पता होना चाहिए। तो मेरे को मेरी गलतियों से पता चल गया। मैं यह नहीं कर सकता भाई। बिल्कुल। तो मैंने उन चीजों को अलग कर दिया। अब आपकी नजर में हो सकता है मैं गलत हूं लेकिन मेरी नजर में मेरे लिए बिल्कुल इसीलिए कोई सेट ऑफ रूल्स नहीं है। जैसे एजुकेशन करते हैं स्कूल में एनसीआरटी की बुक्स है। एक एसओपी बना दिया गया है। आपको ये पढ़ना है। ट्रेडिंग के अंदर कोई सेट ऑफ रूल्स नहीं है। आपका तरीका, मेरा तरीका, सर का तरीका सबका तरीका अलग हो सकता है। और ऐसे ही सबको अपना तरीका फाइंड आउट करना है। बिल्कुल सही है। कि मेरे लिए क्या बढ़िया काम करेगा वो करने से आएगा। बिल्कुल सही। वो करने से आएगा। स्ट्रेटजी तो बहुत ही कन्वीनिएंट भी दिखाई दी। छोटा स्टॉप लॉस दिखाई दिया। बस क्योंकि आज मेरा काम वैसे भी मॉडरेट है और मैं टाइप भी मेरा मॉडरेट है। शायद भी दिया गया है। सो मैं क्या करता हूं कि मैं थोड़े से इतने छोटे स्टॉप लॉस में बहुत सहज महसूस नहीं करता क्योंकि क्या होगा? अगर स्टॉप लॉस बहुत छोटा है तो स्टॉप लॉस की फ्रीक्वेंसी भी ज्यादा होगी। टारगेट की फ्रीक्वेंसी भी ज्यादा होगी। और मुझे ऐसा लगता है कि बिगिनर्स के लिए कई बार क्या होगा? इस चीज को डाइजेस्ट कर पाना आसान काम नहीं है कि दिन में मान लीजिए मेरे पास तीन चार पांच ट्रेड बन गई और दो-दो तीन-ती के स्टॉप लॉस से दो-तीन बार स्टॉप लॉस हो जाए, दो-तीन बार टारगेट हो जाए। जैसे आप तो सर एक्सपीरियंस्ड हैं। आप तो ये साइकोलॉजी को बहुत ही प्यार से देख सकते हैं क्योंकि आपको रिवॉर्ड भी पता है। एक नए बंदे को हो सकता है यह लगे पहले दो स्टॉप लॉस हो गए भाई मुझसे नहीं हो रहा। तो बहुत ही बढ़िया स्ट्रेटजी है। पहले तो मैं ये बोलूंगा कि आप लोग सिंपली क्या करें कि पेपर ट्रेड करके इसको देख लें। कम से कम 25 30 40 ट्रेड पेपर ट्रेड एक हफ्ता दो हफ्ता एक महीना लगा के देख लें। तो आपको समझ में आएगा कितनी बार तो स्टॉप लॉस होता है। कितनी बार टारगेट होता है और यू विल बी एबल टू सी कि मैं कर सकता हूं कि नहीं कर सकता हूं। यहां पे मैं ये भी चाहूंगा कि एक थोड़ी सी ऐसी स्ट्रेटजी भी डिस्कस हो जाए थोड़ी सी कंजर्वेटिव हो जिससे कि अगर कोई ऐसी साइकोलॉजी आपकी साइकोलॉजी वाला तो आज मजे करने वाला है। कहेगा भाई आज तो जबरदस्त टूल मिल गया लेकिन कोई मेरी मेरी साइकोलॉजी का बंदा आ गया यार बहुत जल्दी-जल्दी हो रहा है। इसको थोड़ा सा स्लो डाउन करते हैं। तो मैं चाहूंगा हिमांशु सर आप कोई स्ट्रेटजी डिस्कस करेंगे जो थोड़ा सा लेस अग्रेसिव हो क्योंकि सर की तो स्ट्रेटजी शानदार थी। मैं भी आप ही की तरफ इंक्लाइंड हूं थोड़ा सा क्योंकि मुझे भी देवेंद्र सर को देख के डर लग रहा था कि ये स्टॉप लॉस बड़ा जल्दी-जल्दी हो जाए ना हो जाए टारगेट बहुत बड़े होंगे शायद मैं उतना कंफर्टेबल फील ना करूं कि मैं उसको 150 तक लेकर बैठूं तो आपने बोला कि हमने 10 वाला चीज परचेस करी 150 भी हो गई हमारी तो मुझे लगता है कि मैं 150 तक नहीं बैठ पाऊंगा। हां मैं ठीक है। रिस्क रिवॉर्ड अपनी जगह पे है। तो मैं तो खुद भी इंट्राडे की चीज इंट्राडे जे में खत्म करके जाता हूं। आपने जितनी स्ट्रेटजीस मेरी देखी होंगी ऐसे ही बनाने की कि इस प्रॉब्लम को सॉल्व करना है। इस प्रॉब्लम को सॉल्व करना है। ऐसे ही आपसे भी बहुत कुछ मैंने सीखा है। तो आपके पास भी बहुत एफिशिएंट टूल्स होते हैं। तो मैं भी आज के ऐसा समझ सकते हैं कि टी20 मैच हो गया। वन डे पे चलते हैं। मेरा टेस्ट मैच है तो कभी डेबिट स्प्रेड में भी आएंगे। [हंसी] तो आप पहले वन डे वाली स्ट्रेटजी थोड़ी सी सिखाइए कि एक ट्रेडर जो शुरुआत कर रहा है। अगर वो इस माइंडसेट का नहीं है। अग्रेसिव नहीं कर पाने का थोड़ा स्लो चाहता है प्रोसेस को। तो वो कैसे करें सर? मैं बिल्कुल सीखना चाहूंगा कुछ भी सही गलत तो नहीं होता इस मार्केट के अंदर जब मेरा पहले ट्रे में मेरा लॉस हुआ था पूरा कैपिटल एरोड हो गया हो गया था तो मैं गलत था कोई वहां पर सही था मतलब किसी ने बाय किया था मैंने शॉर्ट सेल किया था और बाय सेवरसा सो मुझे ऐसा लगता है कि जैसे डॉक्टर देवेंद्र हैं उनके नेचर के साथ उनकी स्ट्रेटजी मैच कर रही है हम उनका नेचर थोड़ा सा अग्रेसिव है मतलब लाइफ में अग्रेसिव नहीं है आप लाइफ में तो बहुत ही पोलाइट है आप लेकिन प्ले जिस तरीके से करते हैं और अभिषेक शर्मा की तरह ही खेलते हैं रादर वैभव सूर्यवंशी की तरह आप खेलते हैं के आप चौके मारने में ज्यादा बिलीव करते हैं। मैं थोड़ा सा कंजर्वेटिव हूं। मैं बाय नेचर ही बहुत कंजर्वेटिव हूं। सो मेरी स्ट्रेटजी भी प्रियांक सर उसी तरीके से बनी है मैं अब अपने व्यूअर्स को। रादर हमारा टारगेट ही यही है आज के इस पूरे पॉडकास्ट के अंदर कि आप यहां से जिस भी माइंडसेट के हैं, कंजर्वेटिव हैं, मॉडरेट हैं, एग्रेसिव हैं। जिस भी माइंडसेट के हैं, आप यहां से कुछ ना कुछ लेकर जाए। और अगर आप यहां पर हम यहां पर दो स्ट्रेटजी डिस्कस कर रहे हैं। टाइम के कंस्ट्रेंट की वजह से आज हम यहां पर प्रियांक सर वाली स्ट्रेटजी डिस्कस नहीं कर पाएंगे। लेकिन प्रियांक सर वाला आपका जो कोर्स है आई एम वेरी श्योर कि वो पूरा का पूरा कोर्स अगर आप देखेंगे एनीवेज सारी चीजें कोर्स में जो डॉक्टर देवेंद्र ने भी अभी डिस्कस किया है वो कोर्स में आपको और डिटेल में डिस्कस करके मिला हुआ है। तो यहां पर मेरी प्रियांक सर की देवेंद्र सर की सबकी स्ट्रेटजी आपको कोर्स में मिल जाएगी। लेकिन अब मैं आपको यहां पर लेकर चलता हूं एक कंजर्वेटिव स्ट्रेटजी की तरफ जहां पर अगर आप वर्किंग प्रोफेशनल भी हैं तो भी आप इस स्ट्रेटजी को डिप्लॉय कर सकते हैं। रादर मैं अपना टॉपिक ही रादर मैं अपनी स्ट्रेटजी की डिस्कशन ही ऐसे स्टार्ट करता हूं कि मैंने कैसे उसको ट्रेडिंग व्यू पे इंप्लीमेंट किया है। पहले मैं आपको दिखा देता हूं कि उसमें रिजल्ट्स कैसे आते हैं और इसमें कोई मैं आपको कोई ल्यर करने की कोशिश नहीं कर रहा कि रिजल्ट बड़े एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी हैं। मैं आपको सिर्फ ये बता रहा हूं कि रिजल्ट्स कैसे आते हैं। सो दैट आपको कॉन्फिडेंस मिले। मुझे पर्सनली ऐसा लगता है कि पैसा ट्रेडिंग स्ट्रेटजी से ज्यादा पैसा कन्विक्शन से बनता है। तो वो कन्विक्शन जो आपको मिलेगी वो आपको रिजल्ट्स देखकर मिल जाएगी और फिर मेरे को 5 मिनट के आसपास लगेंगे एक बेसिक स्ट्रेटजी डिस्कस करने के लिए। लेकिन अगर आप इंट्राडे ऑप्शन के बयर हैं तो आपके लिए वो स्ट्रेटजी प्ले आउट करना बड़ा आसान रहेगा। आप चाहे वर्किंग प्रोफेशनल हैं, स्टूडेंट हैं या फिर फुल टाइम आप ट्रेडिंग भी करते हैं तो तो सबसे पहले मैं आपको अपने यहां पर ट्रेडिंग व्यू पे रिजल्ट्स दिखाता हूं। यहां पर अगर आप नोटिस करेंगे तो बैंक निफ्टी का 3 मिनट्स का चार्ट लगा हुआ है। तो बैंक निफ्टी हो गया, निफ्टी हो गया, बड़े स्टॉक्स हो गए, ससेक्स हो गया। इन्हीं के मोस्टली 3 मिनट्स टाइम फ्रेम पे मैं स्ट्रेटजी डिप्लॉय करता हूं। यहां पर आपको ग्रीन कलर के और रेड कलर के एरियाज दिख रहे हैं। तो जिस टाइम पर आपको पुट बाय करनी थी या जिस टाइम पे आपको कॉल बाय करनी थी वो एरियाज हैं। तो यहां पर अगर आप देखेंगे तो मैं इसके रिजल्ट्स आपको शो करता हूं। इस जगह पर अगर आप जाकर देखेंगे तो एप्रोक्समेटली मैं यहां पर कोई बहुत बड़े सक्सेस रेट नहीं अचीव करता हूं। ऑनेस्टली स्पीकिंग 40% सक्सेस रेट है। और मुझे पर्सनली ऐसा लगता है अगर आप स्टैट्स भी बढ़ेंगे और मैंने जितनी भी पढ़ाई टेक्निकल्स की करी है विन रेट जो हम देखते हैं इट इज़ वेरी हाफ बेस्ड काइंड ऑफ़ इनफेशन। अगर आप 90% या 100% या 70% विन रेट एक्सपेक्ट करते हैं। मुझे लगता है हम में से किसी की भी स्ट्रेटजी का प्रैंक सर आपसे मेरी डिस्कशन हो रही थी। 60 70% 50% इज़ अ वेरी गुड प्रोवाइडेड आपका रिस्क रिवॉर्ड रेशियो बहुत अच्छा हो। तो यहां पर अगर आप देखें तो एप्रोक्सिममेटली पिछले 7 आठ महीने के अंदर आपका कैपिटल एप्रोक्सिममेटली ढाई से तीन गुना के आसपास हो चुका है। बैंक निफ्टी के एक लॉट के अंदर। यह ऊपर फ्यूचर्स का चार्ट लगा हुआ है। ठीक उस तरीके से अगर हम निफ्टी को देखें। ये निफ्टी फ्यूचर्स का अगर हम चार्ट देखें। सो यहां पर भी सेम पीरियड के अंदर आपके ढ.5 लाख के मार्जिन के ऊपर एप्रोक्सिममेटली 4 सवा5 लाख के आसपास का आपको प्रॉफिट शो कर रहा है यहां पर। तो यह अचीव कैसे किया है मैंने? अगेन मैं दोबारा बोल रहा हूं। या कोई ल्यर करने का पर्पस नहीं है। मैं आपको सिर्फ यह बता रहा हूं कि किस तरीके से आपको स्ट्रेटजी को प्ले अराउंड करना होता है। बहुत ही सिंपल। इस स्ट्रेटजी में मैंने कुछ इंडिकेटर्स का इस्तेमाल किया है। उस इंडिकेटर में दो चीज ढूंढनी है। मैं इस स्ट्रेटजी को पहले स्विंग में यूज़ किया करता था और उसके रिजल्ट्स बहुत ही अच्छे थे। तो डायरेक्शन ढूंढने में बहुत अच्छा लगता था और डायरेक्शन आती थी मेरे पास। लेकिन फिर मैंने उसमें वॉल्यूम को ऐड किया। तो उसमें मेरे सामने मोमेंटम भी आना शुरू हो गया। तो अब मैंने यहां पर इंडिकेटर्स का यूज़ किया है दो तरीकों से। एक जो मुझे डायरेक्शन ढूंढने में मदद करते हैं और एक जो मुझे मोमेंटम ढूंढने में मदद करते हैं। मैं आपके सामने यहां पर लगा देता हूं। जो लोग मुझे फॉलो करते हैं उनको पता है कि ये मेरी तीन मूविंग एवरेजेस हैं। 5, 15 और 50। अपनी मर्जी से आप जो मर्जी मूविंग एवरेज यूज़ कर लीजिए। मैं यहां पर बैंक निफ्टी का चार्ट लगा देता हूं और वापस मैं 3 मिनट्स के टाइम फ्रेम पे ही आ जाता हूं। तो, यहां पर डायरेक्शन ढूंढने के लिए मैं दो चीज़ों का इस्तेमाल करता हूं। पहला मूविंग एवरेज। कंफर्मेशन के लिए मैं साथ में एक और चीज़ ऐड कर लेता हूं। ऑलदो मैंडेटरी नहीं है, लेकिन कंफर्म हो जाता है, तो अगर मैं स्विंग ट्रेडिंग कर रहा हूं, तो मैं सिंपल इसको यूज़ करके भी कर सकता हूं। बट क्योंकि मुझे मोमेंटम भी कैच करना है, तो कंफर्मेशन मुझे मिल जाती है यहां से। तो ये दो चीजें हो गई मेरी डायरेक्शन के लिए। अब मुझे ढूंढना है मोमेंटम। मोमेंटम में सबसे इंपॉर्टेंट चीज मेरे लिए जो है वो है वॉल्यूम। हम वॉल्यूम में मैं वॉल्यूम के वो टावर्स वाला जो सिस्टम है वो नहीं यूज़ करता हूं। सिंपल मेरे लिए वॉल्यूम के दो ही मतलब है। या तो मैं वॉल्यूम प्रोफाइल चेक करता हूं और या फिर मैं ऑन बैलेंस वॉल्यूम के थ्रू चेक कर लेता हूं। मैं पिछले 17 18 साल से एक इंडिकेटर यूज़ कर रहा हूं वॉल्यूम के लिए व्हिच इज प्राइमरली ओबीवी। अब यहां पर ओबीवी का मतलब होता है जिन हमारे व्यूअर्स को नहीं पता है कि अगर वॉल्यूम बढ़ती हुई मार्केट में ऊपर जा रहा है तो ओबीबी ऊपर जाएगा। अगर गिरती हुई मार्केट में वॉल्यूम बढ़ रहा है तो ओबीवी नीचे चला जाएगा। अब हमें पता नहीं चलेगा कि इसके अंदर वॉल्यूम ऊपर जा रहा है या नीचे जा रहा है क्योंकि बड़ा ऑकवर्ड सा चार्ट आ रहा है। तो इसी के अंदर किसी भी प्लेटफार्म पे अगर आप देखेंगे तो यहां पर आपको उसकी मूविंग एवरेज देखने को मिल जाएगी। तो मैंने इसकी एक 100 पीरियड की मूविंग एवरेज लगा दी जो मुझे यह बता देगा कि प्राइमरली मार्केट जो है वॉल्यूम जो है वो ऊपर की साइड पे सपोर्ट कर रहा है या नीचे की साइड पे सपोर्ट कर रहा है। तो अगर मेरा ओबीवी अपनी ईएमए से नीचे है मतलब मुझे सिर्फ और सिर्फ सेल के ट्रेड लेने हैं। ओके? और अगर ओबीवी ईएमए से ऊपर है तो मुझे सिर्फ बाय के ट्रेड लेने हैं। अब यहां पर वॉल्यूम को कंफर्म करने के लिए ही मैं एक ऑसिलेटर लगा देता हूं जो अगेन। तो दो इंडिकेटर मैंने यूज़ किए। एक डायरेक्शन के लिए और एक अ मोमेंटम के लिए। लेकिन दोनों केस के अंदर मैंने एक-एक कंफर्मेशन लगा दी इसके अंदर। तो मोमेंटम ऑफ कंफर्मेशन मेरे को वॉल्यूम के साथ विलियम परसेंटेज r प्रोवाइड कर रहा है और डायरेक्शन में मुझे ईएमए के साथ मैगडी मैगडी प्रोवाइड कर रहा है। अब यहां पर मुझे चार पैरामीटर मिल जाते हैं। इन चार में से दो जो एक जगह पे मैच करेंगे और चारों सीक्वेंस में होने चाहिए। आपको सिंपल अपना ऑप्शन बाय कर लेना है। कौन सा ऑप्शन बाय कर लेना है? रूल डिफाइंड है पहले से। 0.6 से 0.65 के बीच का डेल्टा लेना है आपको। और जब आपके ऑप्शन की वैल्यू यहां से 10% बढ़ जाए, मेरा पर्सनली यह मानना है जैसे डॉ. देवेंद्र उसको ट्रेल कर रहे हैं। मेरा पर्सनली ऐसा मानना है कि एज एन ऑप्शन बयर मैं वीरेंद्र सहवाग हूं या मैं शाहिद अफरीदी हूं। बहुत अच्छा खेलते हैं। लेकिन वो आते हैं सामने वाले टीम को तोड़ते हैं और चले जाते हैं। उन्होंने आना है। चार बॉल, छह बॉले, 10 बॉल, 20 बें उन्होंने मारना है और फिर वापस चले जाएंगे। ठीक उस तरीके से मैं यहां पर आऊंगा। मैं अपने ऑप्शन में एक रिटर्न लूंगा। वापस चला जाऊंगा। अगली अपॉर्चुनिटी बनेगी। मैं दोबारा आ जाऊंगा यहां पर। तो मैं यहां पर इसको ट्रेल नहीं करूंगा यहां पर। तो अब देखते हैं। फॉर एग्जांपल यहां देखिए का्सप्ट था। तो यहां देखिए इस जगह पर मेरा ईएमए जो है वो बियरिश ट्रेडिटरी में है। करेक्ट? बियरिश ट्रेडिटरी का मतलब फाइव ईएमए लेस दैन 15 एंड 15 लेस दैन 50। ठीक है? तो ये बियरिश हो गया। एमएसीडी अगर आप ज़ूम करके यहां पर देखेंगे तो बयरिश दिख ही रहा है हमें वहां। ओके। अब यहां पर दो चीजें एक साथ हो रही हैं। ओबीवी बियरिश एंटर कर रहा है। मतलब डाउन साइड पे सपोर्ट कर रहा है। विलियम परसेंटेज आर आप चाहें अच्छा यहां पर मैं एक चीज बता दूं मेरे लिए सिर्फ यहां पर दो चीजें मैंडेटरी है क्योंकि दो तो कंफर्मेशन के लिए है। एक ईएमए मैंडेटरी है मेरे लिए। एक मेरा ओबीबी मैंडेटरी है। इसके अलावा आप चाहे विलियम परसेंट एज आर की जगह आरएसआई यूज़ कर लीजिए। मैग्डी की जगह आप स्टोकेस्टिक यूज़ कर वो कंफर्मेशन वाले पैरामीटर्स हैं। अब यहां पर अगर आप नोटिस करेंगे इस जगह पर दो चीजें एक साथ मैच कर रही हैं और चारों चीजें सिंक में चल रही हैं। हम टाइम क्या हो रहा है? एप्रोक्समेटली सुबह के 12:00 बज रहे हैं। 1157 am बज रहे हैं। ठीक है? ऐसे टाइम पर मुझे कुछ नहीं करना। मुझे इस समय बैंक निफ्टी का प्राइस चल रहा है 5522 समथिंग। ठीक है? मैं एक स्ट्राइक इन द मनी वि इज एप्रोक्समेटली 5500 या 56000 पुट की हम बात करेंगे ना क्योंकि हम बयरिश टेरिटरी में हैं यहां पर हमें सेल ट्रेड लेना है तो मैंने 56000 की पुट ऑप्शन खरीद ली एक आपने बोला स्ट्राइक प्राइस जस्ट पास वाला तो इन द मनी 5500 हुआ ना 55000 तो कॉल के लिए हो जाएगा ना इन द मनी हां तो हम तो पुट की बात कर रहे हैं ना स्ट्राइक तो ऊपर की तरफ होगा तो 55400 55 हां ये आपने बहुत अच्छी बात पूछी 55 222 से ऊपर कोई भी स्ट्राइक होना चाहिए। एक स्ट्राइक होना चाहिए 0.6 डेल्टा के आसपास। लेकिन जैसे डॉ. देवेंद्र ने बिलकुल सही बात बोली थी कि राउंड नंबर पे सबसे बड़े नंबर्स होते हैं। तो 55500 56000 56500 55200 55300 मेरे लिए स्ट्राइक है ही नहीं। गॉट इट। ठीक उस तरीके से अगर मैं सेम स्ट्रेटजी को मैं स्पॉट में भी स्टॉक्स में यूज़ करता हूं तो मान लेते हैं Axis Bank की अगर हम बात करें तो 1340 1320 मेरा स्ट्राइक नहीं है। 1350 है, 1300 है, 1400 है। ये वाले स्ट्राइक मैं यूज़ करता हूं सिर्फ। ठीक है? क्योंकि उसका एक मजे वाली बात बात बताता हूं। मैंने आपको एक कहानी बताई कि मैं 2008 में बैंककरप्ट हुआ था। एक बार 2010 में मुझे बहुत बड़ा लॉस लगा था। हां जी। वो इसलिए क्योंकि मैंने एक ऐसा ऑप्शन बेच दिया था जो इलिक्विड हो गया। इलिक्विड हो गया। मैंने तब से कसम खा ली कि मैं सिर्फ लिमिटेड ऑप्शंस में काम करूंगा। आप मुझे बोलो pdilite के ऑप्शन में काम करना है। मैं काम ही नहीं करूंगा। जितना मर्जी ऐसे सेटअप बनता है। राइट? अब यहां पर मैंने 55,500 की और 56,000 की जो मर्जी स्ट्राइक आपकी मर्जी है। आपने उसको यहां से परचेस कर लिया। अब यहां पर देख लेते हैं हम मार्केट कितना नीचे गई है और फिर हम इसको ऑप्शन में भी देख लेंगे। यह 12:00 बजे से लेकर एप्रोक्सीमेटली अगर आप अगले 1 घंटे की बात करें तो बैंक निफ्टी 500 पॉइंट के आसपास 550 के आसपास नीचे गई है। ठीक है? अब मैं यहां पर इसका ऑप्शन का चार्ट लगा लेता हूं। ठीक है? ये 9 अप्रैल का चार्ट है और फॉरर्चूनेटली धन के प्लेटफार्म पे यहां पर एक ऑप्शन है जिसमें मैं स्पॉट और ऑप्शंस को एक साथ लगा सकता हूं। ठीक है? सही है। सो यहां पर बैंक निफ्टी का हम वापस एक 3 मिनट्स का चार्ट लगा लेते हैं और क्योंकि मैंने पुट साइड पे रहना है तो ये 3 मिनट्स का पुट का चार्ट हो गया। ऑप्शन चेन के थ्रू मैं चलता हूं। अब आप 55,500 का ऑप्शन उठा लो या 56,000 का उठा लो। आपको प्रॉफिट तो 10% ही बुक करना है ना उसके अंदर। सस्ता उठाओगे तो कम प्रॉफिट मिलेगा। महंगा उठाओगे ज्यादा प्रॉफिट मिलेगा आपको। ऐसा ही है। तो मैंने फॉर एग्जांपल 56,000 का पुट ऑप्शन मैं यहां से उठा लेता हूं। ये रहा मेरा 56,000 का। आप कैसे भी फाइव ईए में तो यूज़ ही कर रहे हैं। हां। [हंसी] ठीक है। तो ये 56,000 की पुट ऑप्शन मैंने उठा ली और हम चलते हैं 9th अप्रैल को। एप्रोक्सीमेटली सुबह 11:57 का टाइम हो रहा था यहां पर। हम अब यह देखिए 1157 के टाइम पर यह रहा हमारी वो वाली कैंडल राइट यहां पर मैंने इस ऑप्शन को परचेस किया और ये ऑप्शन पहले नीचे गया 2% के आसपास का लॉस दिखाया इसने मुझे उसके बाद यह ऊपर गया ये ऊपर गया एप्रोक्समेटली 28 30% के आसपास जितना भी ये ऊपर गया हम लेकिन मैं यहां पर 10% का प्रॉफिट लूंगा मैं प्रियांश सर मेरा ऐसा मानना है कि ट्रेड को देखने से ट्रेड आपके फेवर या लॉस में नहीं जाता। हां। तो मैंने एक बार ट्रेड लिया। मैंने अपना स्टॉप लॉस और टारगेट ऑर्डर लगा दिया और मैंने उसको छोड़ दिया। सही है। अब यहां पर स्टॉप लॉस के केस में आपका लॉस देखो मैंने एक बुक पढ़ी थी द धंधो इन्वेस्टर। वो ये कहती है कि एक अच्छा धंधा वही है। मनीष पबई साहब की है। वो पोर्टफोलियो मैनेजर हैं यूएस में। उनकी बड़ी अच्छी बात है। वो कहते हैं कि आपका धंधा ऐसा होना चाहिए जहां पर लॉसेस जो हो वो बहुत छोटे हो और प्रॉफिट बहुत बड़े हो। सही है। तो इस स्ट्रेटजी में मेरे जो लॉसेस होते हैं वो 3 से 4 से 5% के आसपास के होते हैं। मेरी ऑप्शन की वैल्यू सही बात है। और मेरा टारगेट हमेशा 10% के आसपास का फिक्स रहता है। तो 10% मेरा प्रॉफिट बुक किया। उसके बाद मैं मार्केट से बाहर हो गया। अब अगर मुझे दोबारा नीचे मिलेगा ऐसे केस में मेरा जब 5 ईएमए 50 के नीचे जाएगा तब मैं वहां से एग्जिट कर जाऊंगा। जब तक वो नहीं जा रहा उसका भी मैं अलर्ट लगा के छोड़ देता हूं। जब तक वो नहीं जा रहा मैं अपनी पोजीशन को होल्ड करके बैठा हुआ हूं। 10% आएगा प्रॉफिट बुक करके बाहर निकल जाऊंगा। सेम सेटअप बना हुआ है। मार्केट नीचे जाती है। मैं दोबारा वहां से उसको बाय कर लूं। ठीक है? सो 5 और 50 का क्रॉस ओवर आपके लिए 5 और 50 का नॉट 5 और 15 का। हां 5 और 50 का 5 और 50 चेंज हो गया। और इसमें आपका स्टॉप लॉस क्या रहेगा? यही यही मेरा स्टॉप लॉस है। ये मेरा ट्रेडिंग स्टॉप लॉस है। स्टार्टिंग के अंदर मेरा जो स्विंग लो है ऑप्शन के अंदर वो मेरा स्टॉप लॉस है। क्लोजिंग बेसिस या वीक। नहीं वीक भी मैं तो अपना आर्डर लगा के छोड़ देता हूं। ओके। तो जैसे आपने मेरे ट्रेडिंग व्यू पे रिजल्ट्स भी देखे हैं। वो ऑर्डर लगे हुए थे उसके अंदर। जैसे ही वह लेवल आया, पोज़्शन कट गई। जैसे ही टारगेट आया, मेरी पोज़्शन कट गई। सो, इसको बेसिकली मैं ऐसे भी कंसीडर कर सकता हूं कि जैसे कि मैंने फ़िक्स कर लिया कि मेरा टारगेट 10% का है। एंड आई वांट टू प्ले कि मेरे को 1.2 से थोड़ा सा ज्यादा रिस्टोर रिवार्ड मिले। तो, मैं कर लेता हूं कि मैं अपना 4% पे स्टॉप लॉस अपना फिक्स कर देता हूं। यस। तो, मुझे 2.5 आवर का रिस्क टू रिवार्ड मिल गया। मैं 1 2 का रिस्क रिवार्ड ले लेके चलता हूं। मैं 5% नीचे का स्टॉप लॉस लगा देता हूं। 10% ऊपर का टारगेट लगा देता हूं। लेकिन मजे की बात यह है कि मेरा ये जो पहले वाला स्टॉप लॉस होता है यह सिर्फ 10% टाइम ही कटता है। 90% टाइम वो ट्रेलिंग वाला ही कटेगा मेरा जब 5 ईएमए 50 के नीचे आएगा। ओके। उसके अलावा मेरा स्टॉप लॉस यहां पर नीचे वाला बहुत ही कम करता है। समझ गए? बहुत प्यारी स्ट्रेटजी। मेरा 30 मिनट वाला भी लगा के देखते हैं कि वो काम कर रहा है यहां पर कि नहीं कर रहा है। बिल्कुल। ठीक है। तो आप बताइए मुझे मैं क्या-क्या लगाऊं इसके अंदर? आप बस बैंक निफ्टी में 30 मिनट का चार्ट लगा दीजिए और डे याद रखेंगे हम लोग। ये नाइंथ अप्रैल को सुबह 12:00 बजे। 9th अप्रैल को सुबह 12:00 बजे का टाइम। 12:00 बजे। ठीक है? ये रहा नाइंथ अप्रैल। हां जी। 30 मिनट का वो लॉजिक सेट कर देते हैं। इसमें मैं 5 ईएमए लगा दूं पहले। ये नाइंथ अप्रैल नहीं है। ये 8th अप्रैल है। हां ए नाइंथ वाला उसके अगले दिन। हां जी। इसमें 30 मिनट पे फिब लगा दीजिए। पहली कैंडल पहली ओपनिंग कैंडल ओपनिंग कैंडल पे। तो यहां पर मैं आपके लिए फिब लगा देता है। ये फिब थोड़ा सा एक्सटर्निटिव वे में रहेगा। तो वो कोई बात नहीं। वो कोशिश कर देता हूं। सो ये मैंने लगा दिया। एक सेकंड। हां जी। मैं यह सारे हटा दूं यहां से। हां जी सारे हटा दीजिए। फाइव छोड़ दीजिए। फाइव छोड़ दिया। अभी बाकी चेंज कर देंगे। एक्सटेंशनंस हटा दीजिए। और वो 0.38 को भी पॉइंट आउट। 0.38 को 44 कर दीजिए। और 0.38 को मैंने .44 कर दिया। हां जी। अब ओके कर दीजिए और एक्सटेंड लाइंस टू राइट का अच्छा नहीं तो वही रह जाएगा। हां जी। एक्सटेंड लाइंस टू राइट कर दीजिए। ठीक है जी। डन। अब मैं इसको ज़ूम कर लेता हूं। हां जी। हां जी। हां जी। और हमें क्योंकि कॉल आउटपुट तो अभी नहीं चाहिए। हां। इसको हटा देता हूं। मान लीजिए। ठीक है। अब यह लेवल है। ठीक है? तो जो चीज मैं महसूस करना चाहता था बेरिश वो यहां पर मिल गया हमको। फिर रिजेक्शन मिल गया। आपकी स्ट्रेटजी लगाई पैसा बनाया। तो आपने प्रॉफिट कमाया। मैंने प्रॉफिट कमाया। तो इसका मतलब मतलब घूम फिर कर बात वही आ गई। देखिए कि तरीके अलग-अलग हैं प्ले करने के। सही है। सो अगर आप अभिषेक शर्मा की तरह खेलना चाहते हैं। पहली स्ट्रेटजी। अगर आप जो है वनडे प्लेयर की तरह खेलना चाहते हैं, सचिन की तरह खेलना चाहते हैं, सर वाली स्ट्रेटजी। और अगर आप विराट कोहली बनना चाहते हैं, टेस्ट भी खेलेंगे, वनडे भी खेलेंगे, टी20 भी खेलेंगे और सब जगह अवार्ड भी जीतेंगे तो भाई सब सीख के ट्राई कर लो। लेकिन प्रैक्टिस करके ही आपको पता चलेगा। लेकिन देखिए काम दोनों कर रही हैं। कमाल की बात ये है। काम दोनों कर रही हैं और एक ही जगह पे आपके दोनों के कांसेप्ट काम कर रहे हैं। मतलब काम तो करते हैं। लेकिन वही बात है। अब वही बात है। हां कि यहां पे रिस्क है अपना कितना? 55600 सपोज़ फॉर एग्जांपल हम यहां 55600 देख पा रहे हैं और जो रिवॉर्ड है हमारा वो 54800 तक है। अगर किसी के दम है सर्च में ईएमए भी लगा देंगे फाइव ईएमए लगा दीजिए तो अपने मामला सेट हो जाएगा एकदम एकदम फाइव एएमए सेट कर दीजिए कैंडल्स उससे सटा के एकदम नीचे तक चलेंगे एकदम सर सर ईएमए तो मैं भी फाइव ही यूज़ कर रहा था हां तो बहुत प्यारा मैं तो इसीलिए तो बोल रहा हूं देखिए आप एक नाइंथ की डेट है ना तो सारा जो ईएमए का पॉइंट है वो सारा उसके नीचे ही गेम चल रहा है। अब ये गया क्यों होगा नीचे उसका लॉजिक देखना है तो आप वन डे का चार्ट लगा लीजिए। ठीक है? एक वर्टिकल लाइन ड्रॉ कर लीजिए सर। डेली चार्ट पे अपन इसको देखेंगे। हां डेली चार्ट पर हम लोग देखेंगे तो ईएमए टेस्ट करने जा रहा था। ईएमए टेस्ट करने जा रहा था वो हम तो जो जो लॉजिक है जो हमें सेट करना है यहां पर वो थीमैटिक यही बात है कि हम कुछ भी करें हमको अपनी स्ट्रेटजी सीखनी ही पड़ेगी और वहीं एंटर करना है जहां करना है और कन्विक्शन लानी पड़ेगी। कन्विक्शन आपकी टेस्टिंग से आएगी। आई एम वेरी श्योर देवेंद्र सर आपने अपनी स्ट्रेटजी को कई महीनों का टेस्ट करा मैं हां सेम मेरा है मैं तो हां मैं तो एक-एक कैंडल को मुझे याद है कि कब ट्रेड मिल रहा है मेरी स्ट्रेटजी में ट्रेड ज्यादा नहीं मिलते हैं मुझे ज्यादा चाहिए ही नहीं है क्योंकि लेकिन देवेंद्र सर की स्ट्रेटजी में ट्रेड ज्यादा मिलते हैं क्योंकि वो ज्यादा एग्रेसिव है तो उनको जैसे मैं अपने ट्रेडिंग स्टाइल में यही चीज नोटिस करता हूं कि मुझे कोई रिजेक्शन मिल जाए 30 मिनट पे ये वाला या फिर मेरा जैसे रेड बार का स्ट्रेटजी है तो उसमें रेड बार मिल जाए मुझे तो सेलर एंटर कर गया। वो मेरे कैंडल टारगेट कैंडल है। वहां से अपन ने ट्रेड लिया। मेरे को लॉजिक पता है कि 5 मिनट की कैंडल पे लो पे ही स्टॉप लॉस है। हाई पे स्टॉप लॉस है। अपन को खेलना उतना ही है। सामने जाना उसने 150 है। और इस कन्वर्सेशन में मेरा क्या काम है? आपको यह बताना है कि घोल के पीने का मतलब क्या होता है? [हंसी] क्योंकि स्ट्रेटजी आप दोनों की है। घोल के पीने का मतलब यह है कि पेपर ट्रेडिंग, बैक टेस्टिंग, उसकी प्रैक्टिस यानी कि वह स्किल डेवलप करने के लिए मेहनत वह आपको करनी पड़ेगी। तो अगर आप वह करेंगे तो आप स्ट्रेटजी दोनों में से दोनों को ट्राई करके देखिए। आपको खुद ही पता चल जाएगा कि आपका एज अग्रेसिव वाला है कि आपका एज कंजर्वेटिव वाला है। मैंने पहली बार यहां पे रुक रहा हूं। मैं पहली बार इनको ये स्ट्रेटजी सुना। लेकिन मुझे मेरे मन में पता है कि ये चीज क्या हो रही है। हम तो मैंने इनको वैसे ही बोला कि सर ये लगा दीजिए। हम वही चीज यहां पर हासिल कर लेंगे। तो अगर मुझे पता है मैंने वो स्ट्रेटजी तो नहीं लगाई लेकिन एवरीथिंग इज मैथमेटिकली मॉडल्ड। मैं जानता हूं कि क्या करना है। इस वजह से मैं कर पा रहा हूं। आपको वो चीज 100 गुना क्या 100 बार क्या000 बार क्या हर बार वही करना है तो क्या प्रैक्टिस तो प्रैक्टिस तो करनी पड़ेगी और मेरे ख्याल से जो मैथमेटिक्स की आप बात कर रहे हैं मुझे ऐसा लगता है कि हमने डायरेक्टली और इनडायरेक्टली बहुत मैथमेटिक्स यूज़ किया है। उसमें मैथ्स आना जरूरी नहीं है। लेकिन आप सम हाउ मैथ्स को यूज़ कर ही रहे हैं यहां पर। आप क्वांट को यूज़ कर रहे हैं। आप स्टैट्स को यूज़ कर रहे हैं। जैसे आपने भी अभी ऑफ कैमरा एक बात बोली थी कि विन रेट इज़ नॉट दैट बिग अ पैरामीटर जो आप अपनी स्ट्रेटजी के भी विन रेट डिस्कस कर रहे बट आपने बोला रिस्क रिवार्ड रेशियो साथ में अगर देखेंगे तो ठीक उस तरीके से ऐसे 36 पैरामीटर और हो सकते हैं। सो कैलमर रेशो होती है, ड्रॉडाउन होता है। बहुत सारी चीजें होती हैं। मुझे पर्सनली ऐसा लगता है कि सारे ट्रेडर्स को पढ़ना जरूर चाहिए। मतलब सीखना चाहिए। पढ़ने का मतलब जरूरी नहीं है कि बुक्स पढ़िए आप लेकिन आप वीडियोस देखिए ऐसे लोगों की जिनसे आप रेजोनेट कर पा रहे हैं। उससे आपको बड़ा कुछ सीखने को मिलता है। एक एग्जांपल के तौर पे मैं व्यूअर को एक बताना चाहूंगा। जब जिंदगी का पर्सपेक्टिव मेरा चेंज हुआ था ट्रेडिंग को लेके तो मैंने ऑलिव विलेज को सुना था। ऑलरेबल विलेज आपको यहां पर मिल जाएंगे YouTube पे। वो एक प्रोफेशनल ट्रेडर है। 35 साल से ट्रेड कर रहे हैं। उन्होंने दो-तीन चीजें बोली। साइकोलॉजी के ऊपर बहुत सारे बात करते हैं। 3 मिनट के चार्ट 2 मिनट के चार्ट इस्तेमाल करते हैं। 2200 का कांसेप्ट वो भी घोल के पी गए। आज तक कर रहे हैं। 35 साल से कुछ और नहीं करते। यही करते हैं। मैंने डेडकेट बाउंस थ्यरी वहां से सीखी थी। बहुत सारे ऐसे थ्योरी सीखी थी। उस पे पूरा कांसेप्ट डेवलप कर दिया। मैंने आगे का। तो आप जब उनको सुनते हैं तो मैंने क्या प्रसीद किया? उन्होंने एक बात बोली। मैंने जिंदगी में पांच स्टॉक ट्रेड किए हैं। मैंने जिंदगी में यह किया है और वह परफेक्शन से ट्रेड कर पा रहे हैं। लेकिन उस चीज को सीखते वक्त ये समझ में आया कि सीखना तो पड़ेगा। परफेक्ट है। तो सबसे बढ़िया चीज तो देखिए मुझे नहीं पता आप लोगों को क्या मिला। मुझे दो स्ट्रेटजी मिल गई। मेरे मेरे मेरे कमान में दो नए तीर आ गए जिनको मैं तो जाके बैक टेस्ट करने वाला हूं। आप लोग करोगे कि नहीं आपको कमेंट करके बताना है जिससे कि अब सर्च की टीम आपके कमेंट्स पढ़े और फिर से बोले कि आदित्य धर का तो पता नहीं लेकिन लेकिन धरंधर 3 जरूर ला सकता है। [हंसी] सो वो तो धुरंधर 3 तभी आएगा जब ऑडियंस की डिमांड होगी। तो हमारे साथ यही फायदा है कि हमारी स्टोरी में दी एंड नहीं होता। राइट? बहुत अच्छा। है ना? तो हमारी स्टोरी में तो सर एपिसोड्स बनते चले जाएंगे। लेकिन टिकट्स कितने बाय हो रहे हैं? हमारे यहां कमेंट से डिसाइड होता है। सो मुझे तो लगता है सर बहुत सारे लोग ट्राई करने वाले हैं। मैं खुद भी ट्राई करने वाला हूं दोनों ही स्ट्रेटजी को। ठीक है? क्योंकि मुझे पसंद तो बहुत आ रही है। मन तो ऐसा कर रहा है कल को एक लगा दिया जाए एक अकाउंट इस पे। लेकिन अगेन रास्ता वही है कि पहले प्रैक्टिस, पहले टेस्टिंग और फिर उसके बाद मेरे हिसाब से ट्रेड। तो आई होप कि सर मुझे तो बहुत ही मजा आया और बहुत ही शानदार स्ट्रेटजी लगी और मुझे लगता है कि व्यूअर्स के लिए इससे बढ़िया चीज नहीं हो सकती कि शुरुआत में उन्हें समझ में आया कि ऑप्शन बाइंग और ऑप्शन सेलिंग का डिफरेंस क्या है? क्यों वो ऑप्शन बाइंग करना चाहते हैं। क्यों ऑप्शन बाइंग आज के वक्त में ऑप्शन बन के रह गया है। इसका मतलब यह नहीं है कि जो लोग ऑप्शन सेलर हैं वो ऑप्शन सेलिंग छोड़ दें। बिल्कुल नहीं। आपका एज अगर ऑप्शन सेलिंग है आप उसी पे रहिए। एक्सपेरिमेंट करना चाहते हैं। ट्राई कीजिए दो स्ट्रेटजी। अगर आप ऑप्शन बायर हैं तो आपको समझ में आया होगा कि ऑप्शन बाइंग को अपने अंदर बेहतर कैसे करा जा सकता है। एंड ये दोनों स्ट्रेटजी हेल्प करने वाली है। तो व्हाई जस्ट टू स्ट्रेटजी सर हम तीन स्ट्रेटजीस की बात कर रहे हैं। आप जमील जमाली जो आपने अपनी स्ट्रेटजी शेयर करी है वो यहां पर नहीं शेयर करी लेकिन आप रिकॉर्ड करके हमें देने वाले हैं। सो वो हम दोनों देखेंगे आराम से बैठ के और कुछ ना कुछ सस्पेंस हम आपके लिए यहां पर छोड़ कर जा रहे हैं। लेकिन वो आपका सस्पेंस पूरा का पूरा खुल जाएगा जब आप इस पूरे कोर्स को आराम से देखेंगे। एंड प्लीज मेक श्योर कि पूरे के पूरे कोर्स को एक पॉजिटिव एटीट्यूड के साथ सीखने के पॉइंट व्यू से देखिए। यह नहीं कि मैं एक एग्रेसिव ट्रेडर हूं या मैं एक कंजर्वेटिव हूं। अगर आप इस चीज को फिगर आउट कर पाए हैं बहुत अच्छी बात है। अदरवाइज ये पूरा का पूरा कोर्स आपको इस चीज में हेल्प करने वाला है कि आप कौन से टाइप के ट्रेडर हैं। आपको जिसकी बातें सबसे ज्यादा आप रिलेट कर पाएंगे। आप उस टाइप के ट्रेडर हैं। इस बात का आपको ध्यान रखना है। तो बड़े ही पॉजिटिव एटीट्यूड के साथ, बड़े ही पॉजिटिव सकारात्मक सोच के साथ आप इस कोर्स को देखिएगा। आई एम वेरी वेरी वेरी श्योर कि आपको इस पूरे कोर्स में मल्टीपल एग्जांपल्स के थ्रू स्टॉक्स में, इंडेक्स में और बहुत सारी चीजों में आपको ये स्ट्रेटजी सीखने को मिलने वाली है। लेकिन फिर जैसा प्रियांक सर ने बोला है उस चीज को ध्यान रखना है। किसी भी स्ट्रेटजी पे आंखें बंद करके विश्वास करने से अच्छा आप उसको पहले टेस्ट कीजिए। टेस्ट करके आपको कॉन्फिडेंस मिलेगा। क्योंकि पैसा ट्रेडिंग स्ट्रेटजी से ज्यादा पैसा कन्विक्शन से बनता है। एंड प्लीज मेक श्योर कि आप पैसा बुक करने की एज इन टारगेट बुक करने की आदत डालिए। बिकॉज़ द ओनली प्रॉफिट दैट बिलोंग्स टू यू इज द वन दैट हैज़ कम टू योर बैंक अकाउंट। बाकी सब हवा होती है। इसीलिए जैसा कि डॉ. देवेंद्र ने बोला, जैसा कि मेरी स्ट्रेटजी में है। एंड आई एम वेरी श्योर जैसा प्रियांक सर भी अपनी स्ट्रेटजी में डिस्कस किया है उन्होंने कोर्स में। प्रॉफिट बुकिंग कहां पर करनी है? प्रॉफिट बुकिंग को छोड़ना नहीं है। आप प्रॉफिट बुक कीजिए और आई वुड से आप प्रॉफिट बुकिंग करते रहिए। और अगर आपके प्रॉफिट्स अच्छे रहते हैं। आई एम वेरी श्योर आप इस पूरे एपिसोड को आपको अच्छा लगा होगा। अगर आपको अच्छा लगा है तो आप अपना फीडबैक, अपना कमेंट्स, अपने थॉट्स को, अपने रिव्यूज हमें कमेंट्स में जरूर बताइएगा। और जमील जी की स्ट्रेटजी और बाकी हम दोनों की स्ट्रेटजीस आप इसको कोर्स में देख सकते हैं। नीचे डिस्क्रिप्शन में आपको कोर्स का लिंक दिया हुआ है। आप जाके कोर्स को आराम से देखिए। लेकिन मेक श्योर कि आप इस कोर्स को मोबाइल पे ना देखिएगा। आप इस कोर्स में जितनी स्ट्रेटजी की हुई है उनकी प्रैक्टिस कीजिए। क्योंकि इवेंचुअली आप जो प्रैक्टिस करेंगे आपको स्ट्रेटजी समझ में आएगी। अल्टीमेट ऐ यह है कि आप पैसा बनाएं और पैसा ट्रेडिंग स्ट्रेटजी, कन्विक्शन कॉन्फिडेंस इन सारी चीजों से एक साथ आता है। तो आई एम श्योर आपको आज का एपिसोड बहुत अच्छा लगा होगा। धुरंधर 3 के लिए हम रेडी हैं। आदित्य धर रेडी है। लेट अस सी आप रेडी है या नहीं है। इस वीडियो पे लाइक करके बताइए और कमेंट्स में बताइए अगर आपको इसका थर्ड एपिसोड चाहिए। जैसे आज हमने ऑप्शन बाइंग इंट्राडे ऑप्शन बाइंग के कांसेप्ट को कवर किया है। अगर आपको धुरंधर थ्री चाहिए तो धुरंधर 3 लिखिए और साथ में लिखिए कौन सा कांसेप्ट आपको कवर करना है। मिलते हैं अगले पडकास्ट के अंदर। थैंक यू सो मच प्रियांक सर। थैंक यू सो मच देवेंद्र सर। हम दोबारा से मिलेंगे। अगर व्यूअर्स की डिमांड होगी तो हम तीनों दोबारा से इकट्ठे होंगे एंड थैंक्स टू अपसेट फॉर ब्रिंग अस टुगेदर एंड लर्निंग फ्रॉम ईच अदर। थैंक यू। ठीक है सर। बस सर जब आपने जमीर बना दिया तो चलो फैंटा पिलाता हूं। चलिए, थैंक यू सो मच।