5 Swing Trading Checks in 5mins | Chirag Rathod — backtested on Indian market data | FakeTrades
FakeTrades.in
← all strategies

5 Swing Trading Checks in 5mins | Chirag Rathod

Upsurge Club · watch on YouTube ↗
Analysed 01 Aug 2026, 03:30 PM IST
⏳ Backtest pending — a data-backed verdict will be attached.

Verdict

Not backtestable — no mechanical strategy to test. Educational discussion of swing trading principles (market structure, trend analysis, risk management) with no mechanical, rule-based entry/exit triggers.

We only score videos that teach a rule-based strategy (a defined entry trigger, stop and exit a computer could follow). This one doesn't contain one, so there is nothing to backtest — we show no number rather than a made-up one.

See strategies that scored 4★+ →
Know someone trading this?
Full transcript (1321 words)
हाय चिराग सर हा यू? हाय अंश आई एम गुड। हाउ आर यू? वेरी वेल सर। और एक क्विक क्वेश्चन आपसे पूछना है जिसका मैं चाहता हूं कि आप जल्दी से जल्दी आंसर करें ताकि मैं एक फटाफट ट्रेड ले पाऊं। करेक्ट। अब मुझे करना है एक स्विंग ट्रेड। मार्केट गिर रहा है, बढ़ भी रहा है तो मुझे एक स्विंग ट्रेड करना है। आई वांट यू टू टेल मी व्हाट आर द टॉप फाइव थिंग्स दैट यू लुक फॉर व्हाइल टेकिंग अ स्विंग ट्रेड। सबसे पहला मैं जो देखता हूं वो है ग्लोबल मार्केट्स। इंटरनेशनल मार्केट क्या कर रहा है? उसका हायर टाइम फ़्रेम पे आपको देखना है और डेली टाइम फ़्रेम पे आपको देखना है कि क्या कैसा परफ़ॉर्म कर रहा है। उसके बाद आपको क्रूड ऑयल पे देखना है कि क्रूड ऑयल ऊपर जा रहा है नीचे जा रहा है। आज के मार्केट सिनेरियो में जिस तरह से न्यूज़ फ्लो हो रही है उस हिसाब से अगर क्रूड ऑयल नीचे जा रहा है तो निफ़ी ऊपर जाएगा और निफ़ी और क्रूड ऑयल ऊपर जा रहा है तो निफ्टी नीचे जाएगा। तो सबसे पहले आप इंटरनेशनल मार्केट और क्रूड ऑयल देखोगे। गॉट इट? इंटरनेशनल मार्केट में कई स्पेसिफिक चीज़ है जिसको देखना है कि यह मार्केट किस तरह का चल रहा है अभी? तो आप Dub jons देख सकते हो, nसdc देख सकते हो। ओके। उसको हाई टाइम फ्रेम पे देखिए कि वो ब्रेकडाउन कर रहा है, ब्रेकआउट कर रहा है, क्या कर रहा है। उस हिसाब से फिर आप जैसा इंटरनेशनल मार्केट करेगा उसी हिसाब से हमारा इंडियन मार्केट भी उसी सिंक में परफॉर्म करेगा। गॉट इट? व्हाट नेक्स्ट सर? दूसरा है फिर हम इंडियन मार्केट में आएंगे। उसमें हम निफ्टी देखेंगे। बैंक निफ्टी देखेंगे जो मेजर इंडाइससेस है। उसके बाद हम सेक्टर्स को देखेंगे। सेक्टर्स के इंडाइससेस पे देखेंगे। तो उसमें से जो सेक्टर्स ब्रेकआउट कर चुका है या ब्रेकआउट या ब्रेकडाउन कर रहा है उस पे हम फोकस करेंगे। जब हम उसे शॉर्टलिस्ट कर लेंगे फिर हम उस सेक्टर्स के स्टॉक्स को देखेंगे। ओके? सो जस्ट टू चूज़ द राइट स्टॉक। आपने पहले ग्लोबल मार्केट को देखा। ग्लोबल मार्केट से हमारे इंडियन मार्केट के ऊपर इंडियन मार्केट की परफॉर्मेंस को देख के उसमें जो बेस्ट परफॉर्मिंग सेक्टर्स है उसकी तरफ जाके उसमें से स्टॉक सेलेक्ट करने की कोशिश कर रहे हैं। या तो बेस्ट परफॉर्म कर रहे हैं या वर्स्ट परफॉर्म कर रहे हैं। अगर डाउन साइड मार्केट है तो हम वर्स्ट परफॉर्मिंग सेक्टर्स में जाएंगे और उसमें से स्टॉक्स सेलेक्ट करके उसे शॉर्ट करेंगे। ओके। व्हाट मेक्स सर? सो तीसरा है लुकिंग एट द ओवरऑल ट्रेंड ऑफ द मार्केट एंड ओवरऑल ट्रेंड ऑफ दैट पर्टिकुलर सेक्टर। तो हम मंथली टाइम फ्रेम देखेंगे, वीकली देखेंगे, डेली देखेंगे। हम छोटे टाइम फ्रेम पे नहीं जाएंगे क्योंकि स्विंग ट्रेडिंग में हमें तीन-चार दिन के लिए रखना है उसे। हम हम तो मंथली टाइम फ्रेम हम इसलिए देखते हैं ताकि हमें बिगर ट्रेंड पता चले कि अब एक स्मार्ट मनी कांसेप्ट्स जो होता है उसमें हमें पता चलता है कि मनी स्मार्ट मनी कहां पैसा डाल रहे हैं। कहां से पैसा निकाल रहे हैं। तो वो बिगर टाइम फ्रेम पे हमें अच्छे से दिखता है विद क्लेरिटी दिखता है। तो हम मंथली वीकली पे ज्यादा फोकस करेंगे। तो जो हायर टाइम फ्रेम परफॉर्म करता है उसी तरह से लोअर टाइम फ्रेम पे भी उसी तरह से मार्केट ट्रेंड होता है और स्टॉक उसी डायरेक्शन में ट्रेड होता है। उसी डायरेक्शन में जाता है। गॉट इट। इससे पहले आप नेक्स्ट बताएं अगर आपको ये वीडियो पसंद आ रहा है सब्सक्राइब टू द चैनल क्योंकि इस तरह के बहुत सारे वीडियोस हम लोग लेके आते रहते हैं आपके लिए। चाहे स्ट्रेटजी वीडियोस हो या चाहे इस तरह के क्विक डिस्कशन हो यू विल नॉट बी डिसपॉइंटेड। सो क्लिक ऑन द सब्सक्राइब बटन एंड लेट्स टॉक अबाउट द फोर्थ पॉइंट्स। सो द फोर्थ पॉइंट इज़ राइट टूल। डिफरेंट-डिफरेंट मार्केट सिनेरियो में डिफरेंट-डिफरेंट टूल्स काम आते हैं। जैसे अभी ट्रेंडिंग मार्केट है, डाउनवर्ड ट्रेंडिंग मार्केट है। उसमें हम राइट टूल्स यूज़ कर सकते हैं। बिंजर बैंड यूज़ कर सकते हैं और सुपर ट्रेंड यूज़ कर सकते हैं। और अगर साइडवेज मार्केट हो या एक ही रेंज में हो तो हम जब भी मार्केट ब्रेकआउट के बाद वापस से उसे रीिटेस्ट करने आ रहा हो या उसके जो नियरेस्ट मूविंग एवरेज के पास हो उसके पास रीिटेस्ट कर रहा हो तब हम उसमें एंट्री करेंगे। मार्केट स्ट्रक्चर के हिसाब से हम राइट टूल यूज़ करेंगे और उसी हिसाब से हम ट्रेड करेंगे। राइट? सो अगर ट्रडी मार्केट हो तो हम ब्रेकआउट्स वगैरह को ट्रेड करने में अपना हाथ डालेंगे और अगर साइडवेज हो तो किस तरह का सर होगा ट्रेड? तो जब भी पुलबैक आएगा तो उसमें हम ट्रेड करेंगे। जब भी वो सपोर्ट के पास आएगा या रेजिस्टेंस के पास पास आएगा तब तब हम ट्रेड लेने की कोशिश करेंगे। तो बाय ऑन सपोर्ट एंड रेजिस्टेंस स्ट्रेटजी यूज़ करेंगे। यस, करेक्ट। गॉट इट। एंड नाउ कमिंग टू द फिफ्थ पॉइंट, सर। बट उससे पहले अगर आप लोगों ने सर का स्विंग ट्रेडिंग के ऊपर एक डिटेल्ड कोर्स है जहां पे सर ने अलग-अलग स्ट्रेटजीस को डिटेल में सिखाया है। एंड अलोंग विथ दैट अलग-अलग वेबिनार्स के थ्रू आपको लाइव इंटरेक्शन के साथ में ट्रेनिंग दी है। अगर उसके बारे में जानना है क्लिक ऑन द लिंक इन द डिस्क्रिप्शन जहां पर आपको सारी डिटेल्स मिल जाएगी एंड यू विल लव द लाइव वेबिनार पार्ट। ट्रस्ट मी ऑन दिस। सो व्हाट्स द फिफ्थ पॉइंट? सो द फिफ्थ पॉइंट इज़ द मोस्ट इंपोर्टेंट पॉइंट। अगर आपको ये फिफ्थ पॉइंट समझ में नहीं आ रहा है तो आपके जो पहले के चार पॉइंट हैं वो भी यूज़फुल नहीं है। तो ये जो सबसे इंपॉर्टेंट पॉइंट है वो है रिस्क मैनेजमेंट एंड स्विंग ट्रेडिंग माइंडसेट। ओके? ठीक है? तो स्विंग ट्रेडिंग माइंडसेट में क्या होता है कि आपको पीस ऑफ माइंड से आपको ट्रेड लेना होता है। और उसमें आपको यह पता है कि आज मैंने ले ली। मुझे पूरे दिन स्क्रीन के सामने नहीं रहना है। मैंने कोई एक सेटअप बेस्ड ट्रेड लिया है जो ब्रेकआउट बेस्ड है या बॉटम फिशिंग बेस्ड है जो भी बेस्ड है। उस उस साइकोलॉजी उस साइंस से आप ट्रेड ले रहे हो। और जब तक वो साइंस या वो लॉजिक जब तक ब्रेक नहीं होता तब तक हम उस ट्रेड में बने रहते हैं। और अगर वो ब्रेक हो जाता है तो मुझे यह पता होना चाहिए कि मेरा इतना नुकसान है। उससे ज्यादा मैं नुकसान उसमें लूंगा नहीं। क्योंकि ये लॉजिक का स्टॉप लॉस इतना है और वो स्टॉप लॉस के साथ ही मैं काम कर रहा हूं। और अगर आपने स्टॉप लॉस डिसाइड कर लिया है अमाउंट वाइज़ या परसेंटेज वाइज़ तो उसके साथ आप रिस्क आप आपका पोजीशन साइजिंग भी डिसाइड करोगे। कोई भी ट्रेड में आपका पोजीशन साइजिंग उतना नहीं होना चाहिए कि अगर ट्रेड गलत हो जाए तो आपका पूरा कैपिटल वाइप ऑफ हो जाए। तो, यह जो रिस्क मैनेजमेंट है, दिस इज़ द मोस्टेंट पार्ट ऑफ योर स्विंग ट्रेडिंग स्ट्रेटजीज़। तो, उसे आप ध्यान में रख के आप आपका स्विंग ट्रेडिंग कर सकते हो। हाउ इज़ इट डिफरेंट फ्रॉम इंट्राडे ट्रेडिंग से? इंट्राडे ट्रेडिंग में आपको पूरे दिन स्क्रीन के सामने रहना पड़ेगा। आपको विपॉस देखने पड़ेंगे, ऊपर नीचे, ऊपर नीचे देखना पड़ेगा। तो, वो स्विंग ट्रेडिंग में आपको देखने की जरूरत नहीं है। आपने एक एंट्री की। आपका एक स्टॉप लॉस है, एक टारगेट है। उस टारगेट पे आया, तो मैंने एग्जिट किया। स्टॉप लॉस हुआ, तो मैं उससे एग्जिट कर जाऊंगा। इंट्राडे में क्या होगा? तो दिन में तीन बार चार बार ऊपर नीचे आएगा तो आपके गलत होने के चांसेस बहुत ज्यादा हो जाते हैं उसके अंदर। गॉट इट सर। थैंक यू सो मच मच लाइक ट्रेड लेने के लिए। आई विल सी यू इन द नेक्स्ट वीडियो। आई विल सी इन द नेक्स्ट वीडियो एज वेल। हिट द लाइक बटन। मिलते हैं नेक्स्ट में। मैं एक ट्रे ले रहा हूं।

💬 Trader reviews (traded this? tell others what really happened)

No reviews yet — be the first. Real experiences help other traders more than any backtest.

User opinions, not investment advice. Reviews are moderated before publishing.